BJP नेता के बिगड़े बोल- संपत्ति को नुकसान पहुंचाने वालों को हमारी सरकारों ने कुत्तों की तरह मारी गोली

नागरिकता संशोधन कानून को लेकर देशभर के कई हिस्सों में विरोध प्रदर्शन हो रहे हैं.

BJP नेता के बिगड़े बोल- संपत्ति को नुकसान पहुंचाने वालों को हमारी सरकारों ने कुत्तों की तरह मारी गोली

बंगाल भाजपा प्रमुख दिलीप घोष.

नई दिल्ली:

बंगाल भाजपा अध्यक्ष दिलीप घोष ने रविवार को विवादित बयान देते हुए कहा कि जो भी सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुंचाता है, उसे भाजपा शासित राज्यों की तरह गोली मार देनी चाहिए. बंगाल के नाडिया जिले में एक रैली को संबोधित करते हुए घोष ने मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की 'गोली मारने और लाठी चार्ज करने के आदेश नहीं' देने पर आलोचना की. उन्होंने कहा कि नागरिकता कानून का विरोध करने वाले द्वारा रेलवे संपत्ति और पब्लिक ट्रांसपोर्ट को नुकसान पहुंचाने वालों पर गोली चलाने और लाठीचार्ज करने का आदेश देना चाहिए था. 

न्यूज एजेंसी एएनआई ने अपनी रिपोर्ट में घोष के हवाले से लिखा है, 'उन्हें क्या लगता है कि वे जो सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुंचा रहे हैं, वह उनके पिता की है? सार्वजनिक संपत्ति करदाताओं की है. आप यहां आएंगे, हमारा खाना खाएंगे, यहां रहें और सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुंचाएं. क्या यह आपकी जमींदारी है? हम? तुम पर लाठियां चलाएंगे, गोली मारकर तुम्हें जेल में डाल देंगे.'

विपक्षी एकता को झटका? CAA के खिलाफ सोनिया की बैठक में नहीं शामिल होंगी ममता और मायावती, AAP ने भी किया मना, 10 बड़ी बातें

साथ ही उन्होंने कहा, 'दीदी (ममता बनर्जी) की पुलिस ने उन लोगों के खिलाफ कोई एक्शन नहीं लिया, जिन्होंने सार्वजनिक संपत्ति को नुकसान पहुंचाया, क्योंकि वे उनके वोटर हैं. यूपी, असम और कर्नाटक में हमारी सरकार ने ऐसे लोगों को कुत्तों की तरह मारा है.' साथ ही उन्होंने इसे सही करार दिया है. 

PM मोदी का ममता बनर्जी पर हमला, 'कट मनी नहीं मिलती इसलिए केंद्र की योजनाएं...'

साथ ही बंगाल बीजेपी अध्यक्ष ने राज्य में बंगाली हिंदुओं के हितों को नुकसान पहुंचाने वालों की पहचान करने को लेकर भी बयान दिया. उन्होंने दावा किया कि भारत में दो करोड़ मुस्लिम घुसपैठिए हैं. उन्होंने कहा, 'सिर्फ पश्चिम बंगाल में ही एक करोड़ घुसपैठिए हैं और ममता बनर्जी उन्हें बचाने की कोशिश कर रही हैं.' 


गृहराज्य गुजरात में बोले अमित शाह, 'सीएए पर विपक्ष के झूठ ने देश में अराजकता पैदा की'

Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com


बता दें, मोदी सरकार ने शीतकालीन सत्र में नागरिकता संशोधन बिल को संसद में पेश किया था. दोनों सदनों से इसे पारित करवा लिया गया. राष्ट्रपति के दस्तखत के बाद प्रस्तावित संशोधन कानून में जोड़ दिए गए. इसके तहत पाकिस्तान, अफगानिस्तान और बांग्लादेश के हिंदू, सिख, ईसाई, बौद्ध, जैन और पारसी नागरिकों को भारतीय नागरिकता देने में सहूलियत दी गई है.