- बुराड़ी में 11 लोगों की मौत की चल रही है जांच
- 11 पाइपों के बाद 11 खिड़कियों का एंगल आया था सामने
- रिश्तेदार सुजाता ने बताई पाइप लगाने की असली वजह
The family was religious. They were not involved in occult practices unlike media reports suggest.There is a conspiracy.The pipes were brought for a solar project & ventilation purpose: Sujata, relative of family,the 11 members of which were found dead in Delhi's Burari on Sunday pic.twitter.com/E40F4NTWD3
— ANI (@ANI) July 3, 2018
बता दें कि सोमवार को पुलिस को घर में 11 पाइप मिले थे, जिससे इन 11 मौतों के कनेक्शन की बातें सामने आ रही थी. घर में 11 शव मिले और एक दीवार पर 11 पाइप और इसके बाद 11 खिड़कियां. इन सबकी जांच की जा रही है. इस बीच परिवार के एक करीबी रिश्तेदार सुजाता ने पाइपों से मौत के कनेक्शन को खारिज कर दिया है. उनका कहना है कि 'पाइप किसी तंत्र-मंत्र या काले जादू या विशेष धार्मिक कारण से नहीं लगाए गए थे बल्कि पाइप सोलर प्रॉजेक्ट और वेंटिलेशन के काम के लिए लाए गए थे. सुजाता का कहना है कि परिवार धार्मिक था, लेकिन 'काला जादू' जैसे काम नहीं करता था जैसा कि मीडिया रिपोर्ट्स में बार-बार दिखाया जा रहा है.
यह भी पढ़ें : बुराड़ी में 11 मौतें: 11 पाइपों के बाद रोशनदान पर 11 एंगल का क्या है 'राज'?
बुराड़ी के जिस घर में 11 लोगों की मौत हुई थी सोमवार को उस घर की दीवार पर 11 पाइप लगे हुए मिले थे. इन पाइपों से न तो पानी की कोई निकासी होती है और न ही एक साथ इतने पाइप की कोई जरूरत होती है. इस वजह से इन मौतों के पीछे तंत्र-मंत्र से जुड़ा ऐंगल सामने आया था और अब घर के मेन गेट पर 11 एंगल का रोशनदान सामने आया है. हालांकि रोशनदान में 11 एंगल क्यों लगे हुए है इसका कोई खुलासा नहीं हुआ है. इन 11 पाइपों में से 4 बड़े हैं जो सीधे हैं, 7 अन्य पाइप का मुंह नीचे की ओर झुका है. इनमें से एक पाइप जिसका मुंह नीचे की ओर झुका हुआ है वह पाइप सबसे दूर है. यह दीवार के बगल से एक खाली प्लाट की तरफ है.
यह भी पढ़ें : बुराड़ी कांड : 11 मौतों को देख एम्स के मनोचिकित्सक भी चकराए, कहा- ऐसे हो सकता है खुलासा
इस बीच अभी तक की जांच में किसी बाबा या तांत्रिक का नाम सामने नहीं आया है. पुलिस बेटे ललित को इस मास सुसाइड (सामूहिक आत्महत्या) का मास्टरमाइंड समझ रही है. वो सपने में अपने पिता गोपालदास से बात करता था. जबकि गोपालदास की मौत 10 साल पहले हो चुकी है. पिता जैसा बोलते थे वो वो सारी बातें रजिस्टर में लिखता था. जैसे 'मैं कल या परसों आऊंगा, नहीं आ पाया तो फिर बाद में आऊंगा, ललित की चिंता मत करो तुम लोग, मैं जब आता हूं ये थोड़ा परेशान हो जाता है, मां सबको रोटी-रोटी खिलाएगी.
VIDEO : कैसे सुलझेगा 11 मौतों का रहस्य?
ललित 2015 में रजिस्टर में लिखता था. सपने उसे हर रोज नहीं बल्कि उसे कभी कभी आते थे. 2 रजिस्टरों में एक पूरा भरा हुआ है, जबकि दूसरा आधा लिखा गया है. मौत की तारीख पहले से तय हो गई थी. मौत के पहले 20 रोटियां बाहर से मंगाई गई थी. वहीं बुज़ुर्ग महिला के पास एक चुन्नी और बेल्ट मिली है.
संबंधित खबरें
बुराड़ी कांड: रिश्तेदारों ने 'तंत्र-मंत्र' की बात को किया खारिज, कहा- अंधविश्वासी नहीं था परिवार, यह हत्या है बुराड़ी कांड: ललित के कहने पर परिवार के 10 लोगों ने दी जान, सबको लगता था 'पापा' आकर बचा लेंगे
बुराड़ी केस : 11 मौतें, हत्या या आत्महत्या के बीच उलझा मामला? जानें कब क्या हुआ
बुराड़ी केस : करीबी का दावा- ललित मौनव्रत पर नहीं आवाज चली गई थी, खुदकुशी की बात भी नकारी
बुराड़ी के घर से मिले 11 शव: 2 रजिस्टरों में सामने आए 10 चौंकाने वाले खुलासे, समय और दिन पहले से था तय
Delhi के बुराड़ी में 11 की मौत: प्रियंका की सगाई का वीडियो आया सामने, 10 बातें
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं