Auto Sector Demand
- सब
- ख़बरें
- वीडियो
-
जनवरी में किस कंपनी ने बेचीं सबसे ज्यादा कारें? मारुति, टाटा या महिंद्रा, कौन रहा सबसे आगे?
- Monday February 2, 2026
- Edited by: शुभम उपाध्याय
जनवरी 2026 में सिर्फ कारें ही नहीं, बाइक और स्कूटरों के बाजार में भी जमकर रौनक दिखी. लोगों ने जीएसटी 2.0 की छूट और नए मॉडल्स का खूब फायदा उठाया. जानें किस कंपनी ने सेल के मामले में धाक जमाई.
-
ndtv.in
-
ऑटो सेक्टर में संकट जारी : बजट 2020 में कर राहत चाहता है वाहन उद्योग
- Friday January 17, 2020
- Reported by: हिमांशु शेखर मिश्र, Edited by: सूर्यकांत पाठक
ऑटोमोबाइल सेक्टर ने वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण से बजट में टैक्स में राहत की मांग की है. शुक्रवार को सोसाइटी आफ ऑटोमोबाइल मैन्यूफैक्चरर्स यानी सिएम ने ताजा आंकड़े जारी कर कहा कि आटो सेक्टर में संकट जारी है. दिसंबर में भी कारों-स्कूटरों और मोटरसाइकिलों की बिक्री पिछले साल के मुक़ाबले गिरी है.
-
ndtv.in
-
ऑटोमोबाइल सेक्टर में संकट गहराया, 10 लाख नौकरियों पर मंडराया खतरा
- Tuesday August 13, 2019
- Reported by: हिमांशु शेखर मिश्र, Edited by: प्रवीण प्रसाद सिंह
ऑटो सेक्टर अपने सबसे मुश्किल दौर से गुज़र रहा है. हर तरह की गाड़ियों की बिक्री घटी है. लगातार आठवें महीने गाड़ियों की बिक्री गिरी है. अब पहली बार सियाम- यानी सोसाइटी ऑफ़ इंडियन ऑटमोबाइल मैन्युफ़ैक्चरर्स ने आधिकारिक तौर पर माना है कि करीब साढ़े तीन लाख अस्थायी और कैजुअल नौकरियां जा चुकी हैं. यही नहीं, दस लाख लोगों की नौकरी ख़तरे में है.
-
ndtv.in
-
अर्थव्यवस्था की रफ़्तार में आई गिरावट से निपटने के लिए उद्योगों ने मांगा एक लाख करोड़ का पैकेज
- Tuesday August 13, 2019
- Reported by: हिमांशु शेखर मिश्र, Edited by: प्रवीण प्रसाद सिंह
अर्थव्यवस्था की रफ़्तार में आई गिरावट देखते हुए उद्योग संघ एसोचैम ने स्टिमुलस पैकेज की मांग की है. उधर पीएम की आर्थिक सलाहकार काउंसिल के अध्यक्ष बिबेक देबराय ने सरकार के सामने इकोनॉमिक रिवाइवल के लिए एक नया रोडमैप पेश किया है.
-
ndtv.in
-
बेरोज़गारी के मुद्दे का हल कब तक निकलेगा?
- Tuesday August 13, 2019
- रवीश कुमार
बरोज़गारी का सवाल अजीब होता है. न चुनाव में होता है और न चुनाव के बाद होता है. सरकारी सेक्टर की नौकरियों की परीक्षाओं का हाल विकराल है. मध्यप्रेश, बिहार, यूपी से रोज़ किसी न किसी परीक्षा के नौजवानों के मेसेज आते रहते हैं. इनकी संख्या लाखों में है फिर भी सरकारों को फर्क नहीं पड़ता. किसी परीक्षा में इंतज़ार की अवधि सात महीने है तो किसी परीक्षा में 3 साल.
-
ndtv.in
-
जनवरी में किस कंपनी ने बेचीं सबसे ज्यादा कारें? मारुति, टाटा या महिंद्रा, कौन रहा सबसे आगे?
- Monday February 2, 2026
- Edited by: शुभम उपाध्याय
जनवरी 2026 में सिर्फ कारें ही नहीं, बाइक और स्कूटरों के बाजार में भी जमकर रौनक दिखी. लोगों ने जीएसटी 2.0 की छूट और नए मॉडल्स का खूब फायदा उठाया. जानें किस कंपनी ने सेल के मामले में धाक जमाई.
-
ndtv.in
-
ऑटो सेक्टर में संकट जारी : बजट 2020 में कर राहत चाहता है वाहन उद्योग
- Friday January 17, 2020
- Reported by: हिमांशु शेखर मिश्र, Edited by: सूर्यकांत पाठक
ऑटोमोबाइल सेक्टर ने वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण से बजट में टैक्स में राहत की मांग की है. शुक्रवार को सोसाइटी आफ ऑटोमोबाइल मैन्यूफैक्चरर्स यानी सिएम ने ताजा आंकड़े जारी कर कहा कि आटो सेक्टर में संकट जारी है. दिसंबर में भी कारों-स्कूटरों और मोटरसाइकिलों की बिक्री पिछले साल के मुक़ाबले गिरी है.
-
ndtv.in
-
ऑटोमोबाइल सेक्टर में संकट गहराया, 10 लाख नौकरियों पर मंडराया खतरा
- Tuesday August 13, 2019
- Reported by: हिमांशु शेखर मिश्र, Edited by: प्रवीण प्रसाद सिंह
ऑटो सेक्टर अपने सबसे मुश्किल दौर से गुज़र रहा है. हर तरह की गाड़ियों की बिक्री घटी है. लगातार आठवें महीने गाड़ियों की बिक्री गिरी है. अब पहली बार सियाम- यानी सोसाइटी ऑफ़ इंडियन ऑटमोबाइल मैन्युफ़ैक्चरर्स ने आधिकारिक तौर पर माना है कि करीब साढ़े तीन लाख अस्थायी और कैजुअल नौकरियां जा चुकी हैं. यही नहीं, दस लाख लोगों की नौकरी ख़तरे में है.
-
ndtv.in
-
अर्थव्यवस्था की रफ़्तार में आई गिरावट से निपटने के लिए उद्योगों ने मांगा एक लाख करोड़ का पैकेज
- Tuesday August 13, 2019
- Reported by: हिमांशु शेखर मिश्र, Edited by: प्रवीण प्रसाद सिंह
अर्थव्यवस्था की रफ़्तार में आई गिरावट देखते हुए उद्योग संघ एसोचैम ने स्टिमुलस पैकेज की मांग की है. उधर पीएम की आर्थिक सलाहकार काउंसिल के अध्यक्ष बिबेक देबराय ने सरकार के सामने इकोनॉमिक रिवाइवल के लिए एक नया रोडमैप पेश किया है.
-
ndtv.in
-
बेरोज़गारी के मुद्दे का हल कब तक निकलेगा?
- Tuesday August 13, 2019
- रवीश कुमार
बरोज़गारी का सवाल अजीब होता है. न चुनाव में होता है और न चुनाव के बाद होता है. सरकारी सेक्टर की नौकरियों की परीक्षाओं का हाल विकराल है. मध्यप्रेश, बिहार, यूपी से रोज़ किसी न किसी परीक्षा के नौजवानों के मेसेज आते रहते हैं. इनकी संख्या लाखों में है फिर भी सरकारों को फर्क नहीं पड़ता. किसी परीक्षा में इंतज़ार की अवधि सात महीने है तो किसी परीक्षा में 3 साल.
-
ndtv.in