- झारखंड के धनबाद जिले के घोसकोडीह गांव में भतीजे की चाचा ने तलवार से हत्या कीकर दी
- हत्या की वजह करीब 20 साल से चला आ रहा जमीन विवाद और पुरानी रंजिश बताई जा रही है
- पुलिस ने आरोपियों त्रिवेणी महतो और सूर्यकांत महतो को गिरफ्तार कर वारदात में इस्तेमाल तलवार बरामद कर ली है
झारखंड के धनबाद जिले में जमीन विवाद के बीच रिश्तों को शर्मसार करने वाला मामला सामने आया है. बरवाअड्डा थाना क्षेत्र के घोसकोडीह गांव में 32 साल के दौलत राम महतो की कथित तौर पर उसके ही दो चाचाओं ने तलवार घोंपकर हत्या कर दी. पुलिस जांच में पता चला है कि हमलावरों के निशाने पर सिर्फ दौलत राम नहीं, बल्कि उसका पूरा परिवार था. हालांकि अब दोनों आरोपी पुलिस के हत्थे चढ़ चुके हैं.
चाचा ने की बाजार जा रहे भतीजे की हत्या
दौलत राम पर तलवार से वार उस समय किया गया, जब सोमवार सुबह वह बाजार जा रहा था. घटना 26 अक्टूबर की सुबह करीब सात बजे के आसपास की है. घोसकोडीह का रहने वाला दौलत राम महतो बाइक से राजगंज बाजार जा रहा था. घर से करीब डेढ़ किलोमीटर दूर निरसा के निश्चयपुर क्षेत्र में उसका सामना त्रिवेणी महतो और सूर्यकांत महतो उर्फ विनोद महतो से हुआ. ये दोनों उसके चाचा हैं. आरोप है कि दोनों ने उसे रास्ते में रोका और तलवार से हमला कर दिया. गर्दन पर गंभीर वार होने से दौलत राम की मौके पर ही मौत हो गई.
पहले हाथ पर तलवार से वार, फिर गले पर हमला
पुलिस के मुताबिक, दौलत राम ने पहले वार को हाथ से रोकने की कोशिश की थी, जिससे उसका हाथ भी कट गया. जान बचाने के लिए वह बाइक छोड़कर भागा, लेकिन आरोपियों ने उसका पीछा किया और फिर तलवार से हमला कर दिया. वारदात की सूचना पाकर घटनास्थल पर ग्रामीणों की भीड़ जुट गई और इलाके में दहशत का माहौल पैदा हो गया.
20 साल पुराने जमीन विवाद का खौफनाक अंत
पुलिस के मुताबिक, दोनों पक्षों के बीच जमीन के बंटवारे को लेकर करीब 20 साल से विवाद चल रहा था. इस विवाद को सुलझाने के लिए पहले भी कई बार पंचायतें हुईं, लेकिन रंजिश खत्म नहीं हो सकी. मृतक के परिजनों ने आरोप लगाया कि इसी पुरानी दुश्मनी के चलते दौलत राम को निशाना बनाया गया. सिटी एसपी ऋत्विक श्रीवास्तव ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में बताया कि जांच के दौरान पूरे परिवार को खत्म करने की मंशा का संकेत मिला है. हालांकि, पुलिस ने साफ किया कि इस दावे की पूरी पुष्टि जांच के बाद ही हो सकेगी.
प्रोफेसर चाचा समेत दो गिरफ्तार
पुलिस ने घटना के करीब दो घंटे के भीतर ही त्रिवेणी महतो (52) और सूर्यकांत महतो उर्फ विनोद महतो (48) को गिरफ्तार कर लिया. जानकारी के मुताबिक, आरोपी त्रिवेणी महतो राजगंज कॉलेज में प्रोफेसर है. पूछताछ में आरोपियों ने कथित तौर पर जुर्म कबूल कर लिया. पुलिस ने वारदात में इस्तेमाल खून लगी तलवार, मोटरसाइकिल, खून लगी शर्ट और दो मोबाइल फोन बरामद किए हैं. पुलिस के मुताबिक, मृतक की पत्नी प्रमिला देवी की शिकायत पर छह लोगों के खिलाफ हत्या की प्राथमिकी दर्ज की गई है. नामजद आरोपियों में त्रिवेणी महतो, सूर्यकांत महतो, भाग्या देवी, विद्यापति महतो, सचिन महतो और पूर्णिमा देवी शामिल हैं.
अन्य आरोपियों की तलाश जारी
सिटी एसपी ऋत्विक श्रीवास्तव ने बताया कि पुलिस अब यह जांच रही है कि हत्या की साजिश में और किन लोगों की भूमिका थी. साथ ही यह भी पता लगाया जा रहा है कि आरोपियों ने परिजनों को जान से मारने की धमकी दी थी या नहीं. वारदात के बाद गांव में तनाव बना हुआ है, जहां परिजनों और ग्रामीणों ने सभी आरोपियों की गिरफ्तारी की मांग की है.
फिलहाल पुलिस घटनास्थल के साक्ष्य, बरामद हथियार और आरोपियों से मिली जानकारी के आधार पर पूरे मामले की जांच कर रही है. जांच में ही स्पष्ट होगा कि जमीन विवाद के नाम पर बनी यह कथित साजिश कितनी बड़ी थी और उसमें कितने लोग शामिल थे.
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