
गुवाहाटी:
असम में बाढ़ से स्थिति और बदतर हो गई है। असम राज्य आपदा प्रबंधन प्राधिकरण (एएसडीएमए) के मुताबिक राज्य के 15 जिलों के 702 गांवों के 3.11 लाख लोग बाढ़ से प्रभावित हुए हैं। बुधवार तक राज्य भर के 13 जिलों के 553 गांवों के 1.95 लाख लोग बाढ़ से प्रभावित हुए थे।
बहरहाल, बाढ़ से मरने वालों की संख्या दो ही है, जिसमें से एक मौत बोंगईगांव में और दूसरी लखीमपुर जिले में हुई है। एएसडीएमए ने अपनी प्रतिदिन की बाढ़ रिपोर्ट में बताया है कि बारपेटा, सोनितपुर, धेमाजी, लखीमपुर, तिनसुकिया, दारांग, नलबाड़ी, गोआलपाड़ा, जोरहाट, कमरूप मेट्रोपोलिटन, बक्सा, डिब्रुगढ़, कामरूप, नौगांव, बोंगईगांव बाढ़ से प्रभावित हुए हैं।
बारपेटा में 91,000 लोग प्रभावित हुए हैं, जो सबसे ज्यादा हैं। इसके बाद गोआलपाड़ा है, जहां 68,000 लोग बाढ़ से प्रभावित हुए हैं। एएसडीएमए अधिकारियों ने तिनसुकिया में तीन और सोनितपुर, नलबाड़ी और डिब्रुगढ़ में एक-एक राहत शिविर खोला है। रिपोर्ट में कहा गया है कि 10,800 हेक्टेयर से ज्यादा का फसल का क्षेत्र पानी में डूबा हुआ है।
बहरहाल, बाढ़ से मरने वालों की संख्या दो ही है, जिसमें से एक मौत बोंगईगांव में और दूसरी लखीमपुर जिले में हुई है। एएसडीएमए ने अपनी प्रतिदिन की बाढ़ रिपोर्ट में बताया है कि बारपेटा, सोनितपुर, धेमाजी, लखीमपुर, तिनसुकिया, दारांग, नलबाड़ी, गोआलपाड़ा, जोरहाट, कमरूप मेट्रोपोलिटन, बक्सा, डिब्रुगढ़, कामरूप, नौगांव, बोंगईगांव बाढ़ से प्रभावित हुए हैं।
बारपेटा में 91,000 लोग प्रभावित हुए हैं, जो सबसे ज्यादा हैं। इसके बाद गोआलपाड़ा है, जहां 68,000 लोग बाढ़ से प्रभावित हुए हैं। एएसडीएमए अधिकारियों ने तिनसुकिया में तीन और सोनितपुर, नलबाड़ी और डिब्रुगढ़ में एक-एक राहत शिविर खोला है। रिपोर्ट में कहा गया है कि 10,800 हेक्टेयर से ज्यादा का फसल का क्षेत्र पानी में डूबा हुआ है।
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं