- गुरुग्राम नगर निगम ने सार्वजनिक स्थलों पर पान, गुटखा, तंबाकू थूकने और च्युइंग गम फेंकने पर सख्त रोक लगाई है.
- उल्लंघन करने वालों को मौके पर 500 रुपये का चालान काटा जाएगा और यह नियम पूरे नगर निगम क्षेत्र में लागू होगा.
- नियम का पालन मुख्य सड़कों, फुटपाथों, पार्कों, बाजारों, बस स्टॉप और कार्यालय परिसरों में सख्ती से कराया जाएगा.
साइबर सिटी गुरुग्राम की सड़कों, बाजारों और सार्वजनिक स्थलों को स्वच्छ व सुंदर बनाए रखने और बीमारियों के फैलाव को रोकने के लिए गुरुग्राम नगर निगम ने एक बड़ा फैसला लिया है. नगर निगम ने स्पष्ट किया है कि सार्वजनिक स्थानों पर पान, गुटखा, तंबाकू थूक कर या च्युइंग गम फेंक कर गंदगी फैलाने वालों का अब मौके पर ही चालान काटा जाएगा. अधिकारियों के मुताबिक, सार्वजनिक स्थलों पर थूकने और च्युइंग गम चिपकाने से न केवल शहर की खूबसूरती प्रभावित होती है, बल्कि संक्रामक बीमारियों के फैलने का गंभीर खतरा भी बना रहता है. इसी को ध्यान में रखते हुए नगर निगम के पूरे अधिकार क्षेत्र वाले इलाके में 500 रुपये का दंडात्मक जुर्माना लागू कर दिया गया है.
किन-किन चीजों पर है प्रतिबंध और कहां लागू होगा नियम
सार्वजनिक स्थानों पर गुटखा, पान और तंबाकू थूकने और लाल धब्बे बनाने पर पूर्ण रोक रहेगी. इस्तेमाल की गई च्युइंग गम को सड़क पर फेंकना या दीवारों या फुटपाथों पर चिपकाना भी कूड़ा फैलाने की कैटेगरी में माना जाएगा. नागरिकों को इसे कागज में लपेटकर सीधे कूड़ेदान में ही डालना होगा.
लागू होने वाले प्रमुख स्थल
नगर निगम गुरुग्राम के अधिकार क्षेत्र में आने वाली मुख्य सड़कें, फुटपाथ, सार्वजनिक पार्क, खेल के मैदान, कमर्शियल बाजार, बस स्टॉप और सभी सरकारी कार्यालय परिसरों में इस नियम का सख्ती से पालन कराया जाएगा. इन सभी सार्वजनिक स्थानों और बाजारों में लगे सीसीटीवी कैमरों और निगम के फील्ड स्टाफ की मदद से थूकने वालों की पहचान कर चालान काटने की प्रक्रिया पूरी की जाएगी.
जानें कौनसी कानूनी धाराएं होंगी लागू
यह पूरी कार्रवाई हरियाणा नगर निगम अधिनियम, 1994 और शहर के अधिसूचित स्वच्छता उपनियमों के तहत की जा रही है.
- धारा 309(1)(c): सार्वजनिक स्थानों पर कचरा, गंदगी या कोई भी आपत्तिजनक सामग्री फेंकने के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई का प्रावधान करती है.
- धारा 310: यह धारा निगम आयुक्त को सार्वजनिक गंदगी, न्यूसेंस (परेशानी) और जन स्वास्थ्य संबंधी खतरों को हटाने के लिए कड़े निर्देश जारी करने का अधिकार देती है.
- धारा 393: निगम के नियमों और उपनियमों का उल्लंघन करने पर दंडात्मक कार्रवाई और 500 रुपये तक का जुर्माना तय करती है.
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नियमों को धरातल पर कड़ाई से लागू करने के लिए नगर निगम प्रशासन ने व्यापक रूपरेखा तैयार की है. इसके तहत नियम तोड़ने वालों को पकड़ने पर प्रवर्तन टीमों की ओर से मौके पर ही 500 रुपये का चालान काटा जाएगा. इसके लिए सभी जोन के संयुक्त आयुक्तों, सहायक सफाई निरीक्षकों और प्रवर्तन कर्मचारियों को विशेष चालान बुक आवंटित कर दी गई है.
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