विज्ञापन
This Article is From Jul 27, 2024

बैठक में 10 राज्यों के मुख्यमंत्रियों की गैरमौजूदगी पर नीति आयोग ने कहा- उन्होंने अपना नुकसान किया

नीति आयोग की गवर्निंग काउंसिल की बैठक में 26 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के मुख्यमंत्री और लेफ्टिनेंट गवर्नर और अन्य प्रतिनिधि शामिल हुए

बैठक में 10 राज्यों के मुख्यमंत्रियों की गैरमौजूदगी पर नीति आयोग ने कहा- उन्होंने अपना नुकसान किया
दिल्ली में शनिवार को नीति आयोग की गवर्निंग काउंसिल की बैठक हुई.
नई दिल्ली:

नीति आयोग (NITI Aayog) के मुख्य कार्यपालक अधिकारी (CEO) बीवीआर सुब्रमण्यम ने शनिवार को कहा कि शासी परिषद (Governing Council) की बैठक में बिहार, केरल सहित 10 राज्य और केंद्र शासित प्रदेश शामिल नहीं हुए. बैठक की अध्यक्षता प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी (PM Modi) ने की. बैठक में 26 राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के मुख्यमंत्री और लेफ्टिनेंट गवर्नर और अन्य प्रतिनिधि शामिल हुए. बैठक में गांवों में गरीबी को शून्य स्तर पर लाने यानी इससे पूरी तरह समाप्त करने के विचार पर गहन चर्चा हुई.

सुब्रमण्यम ने कहा कि बैठक में शामिल नहीं होने वालों में बिहार, केरल के अलावा तमिलनाडु, कर्नाटक, तेलंगाना, दिल्ली, पंजाब, हिमाचल प्रदेश, झारखंड और पुदुचेरी हैं.

सुब्रमण्यम ने कहा, ‘‘यह बैठक इस बात के लिए थी कि राज्यों के विकास को कैसे आगे बढ़ाया जा सकता है और उसमें कैसे योगदान दिया जा सकता है. अगर उन्होंने भाग नहीं लिया तो यह उनका नुकसान है.''

सीईओ ने बैठक से बाहर चली गईं पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी के बारे में कहा कि उन्होंने दोपहर के भोजन से पहले बोलने का अनुरोध किया था, जिसे स्वीकार कर लिया गया. हालांकि राज्यों के नाम के हिसाब से उनकी बारी दोपहर में आती. उन्होंने कहा कि जब मुख्यमंत्री का समय समाप्त हुआ, तो रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने बस माइक थपथपाया. इस पर उन्होंने बोलना बंद कर दिया और बाहर चली गईं. हालांकि पश्चिम बंगाल सरकार के अधिकारी बैठक में शामिल हुए.

बिहार के बारे में उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार राज्य में विधानसभा सत्र में व्यस्त होने के कारण बैठक में शामिल नहीं हो सके. 

बैठक में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के संबोधन का जिक्र करते हुए नीति आयोग के उपाध्यक्ष सुमन बेरी ने कहा कि वह चाहते हैं कि राज्य एफडीआई (प्रत्यक्ष विदेशी निवेश) के लिए प्रतिस्पर्धा करें ताकि निवेश सभी राज्यों तक पहुंच सके. खासकर उन राज्यों तक जो कम सफल हैं. बैठक में आबादी के प्रबंधन और गरीबी को शून्य स्तर पर लाने यानी उसे पूरी तरह से समाप्त करने के विचार पर भी चर्चा हुई.

सुब्रमण्यम के अनुसार प्रधानमंत्री चाहते हैं कि राज्य जिलों को मजबूत बनाने पर अधिक खर्च करें ताकि वे विकास को गति दे सकें. प्रधानमंत्री ने विकसित भारत के लिए प्राथमिकता के आधार पर गरीबी को खत्म करने का सुझाव दिया. नीति आयोग के सीईओ के अनुसार पीएम मोदी ने कहा, हमें गरीबी व्यक्तिगत आधार पर निपटने की जरूरत है. आकलन के बाद गांवों को ‘गरीबी से मुक्त' गांव घोषित किया जा सकता है.

यह भी पढ़ें -

क्या ममता बनर्जी को बोलने से रोका गया? नीति आयोग के CEO ने बताई सच्चाई; जानें पूरा मामला

हमें युवाओं को कुशल और रोजगार के लायक बनाने का लक्ष्य रखना चाहिए: नीति आयोग की बैठक में PM मोदी

पूरी स्टोरी पढ़ें

NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं

फॉलो करे:
Niti Aayog Meeting, 10 Chief Ministers Absent, Niti Aayog CEO
Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com