चीन की धमकी के बीच ताइवान की सत्तारूढ़ डेमोक्रेटिक प्रोग्रेसिव पार्टी के लीडर लाई चिंग ते ने शनिवार को राष्ट्रपति चुनाव जीत लिया. इसके साथ ही ताइवान की जनता ने 'ड्रैगन' की धमकियों को सिरे से खारिज कर दिया है. अब इसके बाद सबकी नज़रें चीन की अगली रणनीति की तरफ टिकी हुईं हैं कि वह अब क्या कदम उठाएगा.
रणनीति में कर सकते हैं बदलाव
एएफपी के मुताबिक ताइवान के चुनावों में मतदाताओं को डराने के लिए युद्धक विमानों और डरावनी बयानबाजी का चीन का अभियान भले ही विफल हो गया हो, लेकिन कुछ लोगों को उम्मीद है कि राष्ट्रपति शी जिनपिंग (Xi Jinping) अधिकतम दबाव की अपनी रणनीति में बदलाव कर सकते हैं.
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लाई चिंग-ते ने जीता राष्ट्रपति चुनाव
ताइवान के वोटर्स ने शनिवार को स्वतंत्रता की ओर झुकाव रखने वाले लाई चिंग-ते (Lai Ching-te) को राष्ट्रपति चुना और डेमोक्रेटिक प्रोग्रेसिव पार्टी को लगातार तीसरी बार कार्यकाल सौंपा, जिसका बीजिंग कड़ा विरोध करता है.
चीन, जो 1949 में गृह युद्ध के अंत में ताइवान से अलग हो गया था, द्वीप को अपना प्रांत मानता है जिसे आखिरकार वापस चीन में एकीकृत होना होगा जिसके लिए जरूरत पड़ने पर बल का भी इस्तेमाल किया जाएगा.
पिछले कुछ वक्त में बढ़ा है तनाव
मतदान से पहले के दिनों में, चीन ने वोटर्स से लाई के "बुरे रास्ते" को अस्वीकार करने और "सही ऑप्शन" चुनने की मांग की, जबकि डीपीपी के सत्ता बरकरार रखने पर युद्ध की आशंका जताई. पिछले 18 महीनों में चीन ने बड़े पैमाने पर युद्धाभ्यास के दो दौर भी आयोजित किए हैं, जिसमें उसने द्वीप को घेरने के लिए युद्धक विमान और जहाज भेजे.
लाई की जीत के बाद ताइवान ने चीन से कहा कि वह 'वास्तविकता का सामना करें'. लेकिन विश्लेषकों के अनुसार, चीन का डराने-धमकाने का अभियान, जिसे व्यापक रूप से शी की हस्ताक्षरित नीतियों में से एक माना जाता है, बढ़ने की संभावना है. एशिया सोसाइटी पॉलिसी इंस्टीट्यूट के एक वरिष्ठ फेलो लाइल मॉरिस ने एएफपी को बताया, "हम उम्मीद कर सकते हैं कि बीजिंग ताइपे के खिलाफ तनाव और जबरदस्ती बढ़ाएगा."
कोई समझौता नहीं
मतदान के तुरंत बाद चीन की आधिकारिक प्रतिक्रियाएं, हालांकि अपेक्षाकृत कम थीं, उन्होंने यह भी संकेत दिया कि समझौते की कोई गुंजाइश नहीं है. विदेश मंत्रालय ने एक बयान में कहा, "ताइवान में चाहे जो भी परिवर्तन हो, मूल तथ्य यह नहीं बदलेगा कि दुनिया में केवल एक ही चीन है और ताइवान चीन का हिस्सा है."
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