काले धन के खिलाफ भारत की लड़ाई को उस समय बड़ा बल मिला, जब लिश्टेंस्टाइन सहित चार और विदेशी न्यायिक क्षेत्रों ने बैंकिंग गोपनीयता को छोड़ने का फैसला किया।
काले धन के खिलाफ भारत की लड़ाई को उस समय बड़ा बल मिला, जब लिश्टेंस्टाइन सहित चार और विदेशी न्यायिक क्षेत्रों ने बैंकिंग गोपनीयता को छोड़ने का फैसला किया।