उत्तर प्रदेश की 10 राज्यसभा सीटों के लिए होने वाले चुनाव के लिए सोमवार को भाजपा ने जो 8 उम्मीदवारों की लिस्ट जारी की, उससे अब केंद्र में कैबिनेट फेरबदल की अटकलें तेज हो गई हैं. दो केंद्रीय मंत्रियों का कार्यकाल भी खत्म होने वाला है, लेकिन लिस्ट में उनका नाम नहीं है. इसके बाद माना जा रहा है कि जल्द ही केंद्रीय कैबिनेट में फेरबदल हो सकता है.
बीजेपी की लिस्ट में जिन दो केंद्रीय मंत्रियों का नाम नहीं है, उसमें पेट्रोलियम मंत्री हरदीप सिंह पुरी और राज्य मंत्री बीएल वर्मा शामिल हैं. दोनों का कार्यकाल इसी साल खत्म हो रहा है. दोनों को नवंबर 2020 में राज्यसभा भेजा गया था.
नवंबर में खत्म हो रहा है कार्यकाल
दोनों केंद्रीय मंत्रियों का राज्यसभा का कार्यकाल नवंबर में खत्म हो रहा है. हरदीप सिंह पुरी और बीएल वर्मा को नवंबर 2020 में उत्तर प्रदेश से राज्यसभा भेजा गया था.
हरदीप सिंह पुरी को सबसे पहले जनवरी 2018 में यूपी से राज्यसभा के लिए चुना गया था. यह सीट मनोहर पर्रिकर के इस्तीफे के बाद खाली हुई थी.इसके बाद, 26 नवंबर 2020 में इन्हें दोबारा उत्तर प्रदेश से ही निर्विरोध राज्यसभा भेजा गया था.
इसके बाद हरदीप सिंह पुरी को केंद्रीय मंत्रिमंडल में शामिल किया गया था. उन्हें पहले राज्य मंत्री बनाया गया था. जून 2024 में तीसरी मोदी सरकार में उन्हें पेट्रोलियम और प्राकृतिक गैस मंत्रालय का मंत्री नियुक्त किया गया.
वहीं, बीएल वर्मा को भी नवंबर 2020 में ही पहली बार यूपी से राज्यसभा सांसद के रूप में चुना गया था. इसके बाद उन्हें राज्य मंत्री बनाया गया. जून 2024 में उपभोक्ता मामले, खाद्य और सामाजिक न्याय मंत्रालय में न्याय मंत्री नियुक्त किया गया.
यह भी पढ़ेंः क्या है सपा के 30 के जवाब में कांग्रेस का 185 वाला ऑफर, कैसे साथ आएंगे 'यूपी के लड़के'?
क्या केंद्रीय मंत्रिमंडल से होगी छुट्टी?
राज्यसभा की टिकट नहीं मिलने के बाद अब अटकलें तेज हो गई हैं कि दोनों मंत्रियों को जल्द ही कैबिनेट से बाहर किया जा सकता है. क्योंकि दोनों का कार्यकाल अगले महीने खत्म होने वाला है.
इसके अलावा, कई महीनों से केंद्रीय कैबिनेट में फेरबदल की चर्चाएं भी हो रही हैं. कैबिनेट में अभी 12 सीटें खाली भी हैं. संविधान के मुताबिक, कैबिनेट में 81 मंत्री हो सकते हैं, लेकिन धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद अब 69 मंत्री ही हैं.
उत्तर प्रदेश समेत कई राज्यों के विधानसभा चुनावों से पहले कैबिनेट में फेरबदल होने की संभावना है.
मामले की जानकारी रखने वाले लोगों ने NDTV को बताया था कि खराब परफॉर्मेंस के आधार पर कुछ मंत्रियों को हटाया भी जा सकता है.
बीजेपी आम तौर पर 'एक व्यक्ति-एक भूमिका' के नियम का पालन करती है. जिन नेताओं के नाम मंत्री बनने की अटकलों में थे, उन्हें संगठन में भूमिकाएं दी गईं, जैसे स्मृति ईरानी, विनोद तावड़े, सतीश पूनिया और तरुण चुघ.
कौन बना रहेगा, कौन जाएगा और कौन आएगा, यह तय करते समय उम्र भी एक अहम फैक्टर हो सकता है. जब 2024 में मोदी 3.0 सरकार ने कार्यभार संभाला, तो 65 प्रतिशत से ज्यादा मंत्री 51-70 उम्र के थे और 24 प्रतिशत 31-50 आयु वर्ग के थे. अभी, कम से कम 12 कैबिनेट मंत्री और स्वतंत्र प्रभार वाले राज्य मंत्री 70 साल से ज्यादा उम्र के हैं.
यह भी पढ़ेंः कौन हैं आराधना मिश्रा, जिन्हें कांग्रेस ने दी UP की कमान... पार्टी ने एक तीर से दो निशाने कैसे लगाए
ये वीडियो भी देखें- यूपी राज्यसभा चुनाव पर बड़ी खबर, BJP ने जारी की 8 उम्मीदवारों की लिस्ट
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं