दीवाली से पहले घरों में सफाई और पेंटिंग का काम तेजी से चल रहा है. लेकिन धूल और पेंट की गंध कई लोगों के लिए गले में खराश, सूखी खांसी और सांस लेने में परेशानी की वजह बन सकती है. कहीं पंखों से सालों की धूल झाड़ी जा रही है, तो कहीं दीवारों पर ताजा डिस्टेंपर या इनेमल पेंट चढ़ रहा है. इन सब के बीच जो चीज सबसे पहले बिगड़ती है, वह है हमारी सांस की नली. झाड़ू लगाते ही कमरे में उड़ने वाले बारीक जाले, धूल और पेंट की तीखी गंध सीधे गले में उतर जाती है. इसके बाद गले में खराश, सूखी खांसी और सीने में जलन जैसी दिक्कतें शुरू हो सकती हैं.
पेंट और गर्द से आखिर सांस फूलने और गला छिलने क्यों लगता है?
सफाई के दौरान निकलने वाली धूल सिर्फ मिट्टी नहीं होती. इसमें फफूंद के बारीक कण और पुराने कीड़े-मकौड़ों के अंश मिले होते हैं. वहीं दूसरी तरफ पेंट के सूखने पर कई तरह की रासायनिक गैसें हवा में घुलती हैं.
-
'कॉकटेल 2' को मिले रिव्यू पर कृति सेनन ने NDTV वर्ल्ड समिट में कहा- फिल्म देखना एक पर्सनल एक्सपीरियंस है -
पीएम मोदी के ग्लोबल विजन से लेकर RBI गवर्नर के बड़े बयान तक, अखबारों के फ्रंट पेज पर छाया NDTV समिट -
'भारतीय दयालु, ईमानदार और बुद्धिमान होते हैं', खामेनेई ने अपने प्रतिनिधि को भारत भेजते समय क्या कहा था? -
NDTV WORLD SUMMIT 2026 : कृति सेनन को बिकिनी सीन करने में क्यों लगे 12 साल? -
ब्रिटेन के हरियाणवी मेयर तुषार कुमार ने बताया कैसे गरीबों की मदद ने जिताया चुनाव -
टैक्स सिर्फ कमाई पर लगे, पूरी रकम पर नहीं..."F&O ट्रेडर्स के नुकसान पर बोले Zerodha को-फाउंडर निखिल कामत -
AI से बुलेट ट्रेन तक... अश्विनी वैष्णव ने बताया भारत का फ्यूचर प्लान -
NDTV World Summit 2026: वेजिटेरियन खिलाड़ियों को कौन सी दिक्कतें होती हैं? Savita, Neeru ने बताया -
NDTV World Summit 2026 के मंच पर भारत की 'गोल्डन गर्ल्स' ने बताया जीत का मंत्रा! | Asian Games 2026 -
NDTV World Summit 2026: Lovlina Borgohain ने बताया जीवन का सबसे बड़ा चैलेंज! क्यों लगने लगे ठहाके?
इस पर बात करते हुए नई दिल्ली स्थित प्रतिष्ठित सफदरजंग अस्पताल में यूनानी विभाग के पूर्व प्रमुख डॉ. सैयद अहमद खान बताते हैं, जब पेंट के केमिकल और बारीक गर्द सांस के रास्ते भीतर जाती है, तो सांस की नलियों की भीतरी त्वचा बुरी तरह छिल जाती है. शरीर इसे बाहर फेंकने के लिए लगातार खांसी पैदा करता है. यूनानी नजरिए से देखें तो यह श्वासनली में अचानक पैदा हुई खुश्की और गर्मी का नतीजा है. डॉ. खान के मुताबिक, जिन लोगों को पहले से एलर्जी या अस्थमा की समस्या है, उनमें लक्षण बढ़ सकते हैं.
गले की जलन और धंसके को तुरंत शांत करने वाले यूनानी नुस्खे
अगर धूल में काम करने के बाद आपकी आवाज बैठ गई है या गले में लगातार खराश बनी हुई है, तो रसोई और आसपास मौजूद ये आसान नुस्खे फौरन राहत पहुंचाते हैं.
- साबुत मुलेठी का टुकड़ा मुंह में दबाएं. मुलेठी गले के छिल जाने पर बेहद कारगर मानी जाती है. एक छोटी सी डंडी मुंह में रखकर छोड़ दें और उसका रस धीरे-धीरे हलक से नीचे उतरने दें. यह गले की अंदरूनी सूजन पर किसी लेप की तरह काम करती है.
- लऊक सपिस्तां से पाएं सूखी खांसी से निजात. डॉ. सैयद अहमद खान सलाह देते हैं, अगर धूल से बार-बार धंसका उठ रहा हो और सीने में दर्द होने लगे, तो यूनानी की लऊक सपिस्तां काफी फायदेमंद हो सकती है. इसे दिन में दो से तीन बार आधा-आधा चम्मच चाटने से फेफड़ों में फंसा सूखा बलगम ढीला होकर बाहर निकल आता है और लगातार चलने वाली खांसी थम जाती है.
- बनफ्शा और उन्नाब का ताजा काढ़ा. गुल-ए-बनफ्शा के फूल, उन्नाब के बेर और सपिस्तान के फल को एक गिलास पानी में डालकर तब तक खौलाएं जब तक पानी आधा न रह जाए. इसे गुनगुना पीने से गले में फंसी पेंट की गंध और एलर्जी का असर तेजी से कटता है.
- सादे गुनगुने पानी में सेंधा नमक डालकर कुल्ला. दिन में तीन से चार बार हल्के गर्म पानी में थोड़ा सा सेंधा नमक घोलकर गरारे जरूर करें. इससे गले की दीवारों पर चिपके धूल के कण धुल जाते हैं और दर्द में काफी आराम मिलता है.
Also Read: कान का मैल कैसे साफ करें? यूनानी डॉक्टर ने बताए सुरक्षित घरेलू उपाय

Photo Credit: Photo Credit: NDTV
सफाई जारी रखते हुए खुद को कैसे बचाएं?
दीवाली की सफाई या घर में पेंटिंग के बाद अगर गले में खराश, सूखी खांसी या सांस लेने में परेशानी हो रही है, तो इसे नजरअंदाज न करें. सफदरजंग अस्पताल के यूनानी विभाग के पूर्व HOD डॉ. सैयद अहमद खान बताते हैं कि धूल और पेंट के केमिकल्स श्वसन तंत्र को प्रभावित कर सकते हैं. ऐसे में कुछ पारंपरिक यूनानी उपाय राहत देने में मदद कर सकते हैं.
- त्योहार की सफाई बीच में छोड़ना मुमकिन नहीं होता, लेकिन काम करने का तरीका बदलकर नुकसान से बचा जा सकता है.
- घर में झाड़ू लगाते या पुराना सामान हटाते वक्त सूती कपड़े के बजाय एन95 मास्क कसकर लगाएं.
- जिस कमरे में पेंट या पॉलिश चल रही हो, वहां पंखे और खिड़कियां पूरी तरह खोलकर रखें ताकि जहरीली हवा बाहर निकलती रहे.
- हर आधे घंटे में दो-दो घूंट गुनगुना पानी पीते रहें ताकि हलक में सूखापन न आए.
डॉ. सैयद अहमद खान कहते हैं, अगर देसी नुस्खे आजमाने के बाद भी दो दिन में खांसी न थमे, सीने से सीटी जैसी आवाज आने लगे या बलगम के साथ बुखार चढ़ जाए, तो जरा भी देर न करें. ऐसी हालत में तुरंत अस्पताल जाकर डॉक्टर को दिखाएं. घरेलू देखभाल के साथ जरूरी एहतियात बरतें ताकि दीवाली की खुशियां फीकी न पड़ें.
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं