Gap Year after 12th : 12वीं पास करने के बाद कई स्टूडेंट्स और उनके पेरेंट्स इस बात को लेकर कंफ्यूज रहते हैं कि आगे तुरंत कॉलेज में दाखिला लिया जाए या एक साल का गैप लेकर करियर और पढ़ाई की दिशा को बेहतर तरीके से समझा जाए. बता दें कि गैप ईयर को लेकर समाज में अलग-अलग राय देखने को मिलती है. हालांकि, एक्सपर्ट्स का मानना है कि यह फैसला सही या गलत नहीं होता, बल्कि इस बात पर निर्भर करता है कि स्टूडेंट उस समय को यूटिलाइज कैसे करता है. इसी को लेकर हमारी बातचीत ग्रेट लेक्स इंस्टीट्यूट ऑफ मैनेजमेंट, गुरुग्राम के GM - Marketing & Admissions नितिन वर्मा से बातचीत हुई. उनके अनुसार 12वीं के बाद लिया गया एक साल का गैप किसी स्टूडेंट के जीवन का ‘खाली साल' नहीं, बल्कि खुद को बेहतर तरीके से तैयार करने और अपने भविष्य को समझने का गोल्डेन चांस हो सकता है. लेकिन इसकी सफलता इस बात पर निर्भर करती है कि स्टूडेंट इस समय का इस्तेमाल कितनी क्लीयरिटी और उद्देश्य के साथ करता है.
करियर ऑप्शन को समझना चाहिए
उन्होंन आगे कहा कि अगर किसी स्टूडेंट को अपने करियर के ऑप्शन को समझने, कंपीटिटिव एग्जिमिनिशेन की तैयारी करने, नई स्किल्स सीखने या अपनी इंट्रेस्ट को पहचानने के लिए समय चाहिए, तो एक सोच-समझकर लिया गया गैप उसके लिए काफी फायदेमंद हो सकता है. कई बार 17–18 साल की उम्र में छात्रों से जीवनभर के करियर का फैसला लेने की अपेक्षा करना भी प्रैक्टिकल नहीं लगता.
सिर्फ पढ़ाई से ब्रेक नहीं होना चाहिए गैप ईयर
हालांकि, इस एक साल को केवल पढ़ाई से दूरी बनाने के तौर पर नहीं देखा जाना चाहिए. स्टूडेंट्स के पास यह स्पष्ट योजना होनी चाहिए कि वह इस दौरान क्या हासिल करना चाहता है, चाहे वह किसी प्रतियोगी परीक्षा की तैयारी हो, किसी फिल्ड का प्रैक्टिकल एक्सपीरिएंस लेना हो, नए स्किल्स सीखना हो या अलग-अलग करियर ऑप्शंस को समझना हो. परिवार को भी इस दौरान स्टूडेंट पर यह प्रेशर नहीं डालना चाहिए कि एक साल बर्बाद हो रहा है, बल्कि उसके इंट्रेस्ट, ग्रोथ और गोल पर ध्यान देना चाहिए.
सही स्ट्रैटजी से मिल सकते हैं कई फायदे
सही योजना के साथ यह एक साल स्टूडेंट को बेहतर एकेडेमिक तैयारी के साथ-साथ अधिक परिपक्वता, सेल्फ अवेयरनेस और करियर को लेकर क्लीयरिटी दे सकता है. लेकिन बिना किसी दिशा और योजना के लिया गया गैप ईयर पढ़ाई की गति और कॉन्फिडेंस, दोनों को प्रभावित कर सकता है. इसलिए सवाल यह नहीं होना चाहिए कि 12वीं के बाद एक साल का गैप लेना चाहिए या नहीं, बल्कि यह होना चाहिए कि अगर स्टूडेंट यह फैसला लेता है, तो उस एक साल को अपने फ्यूचक के लिए सार्थक कैसे बनाया जाए.
यह भी पढ़ें- विदेश में नौकरी दिलाने वाले टॉप 10 कोर्स, भारत में भी है भारी डिमांड
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं