BP Kyu Badh Jata Hai: जब भी हम हाई ब्लड प्रेशर के बारे में सोचते हैं, तब सबसे पहले हमारी नजर गलत खाने-पीने की आदतें, बढ़त स्ट्रेस, मोटापा और व्यायाम की कमी पर जाती है, लेकिन अब सवाल यह है कि क्या सच में ब्लड प्रेशर इन सभी चीजों से बढ़ता है या इसके पीछे कुछ और वजह भी हो सकती है? आइए बिना देरी किए जानते हैं ब्लड प्रेशर बढ़ने के पीछे और क्या बड़े कारण हो सकते हैं.

क्या है सच?
हाल ही में की गई एक स्टडी में पता चला है कि ब्रेनस्टेम का एक छोटा सा हिस्सा, जो आमतौर पर सांस लेने को कंट्रोल करने के लिए जिम्मेदार होता है, वह ब्लड प्रेशर को बढ़ाने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकता है.
सांस और ब्लड प्रेशर का क्या कनेक्शन है?
स्टडी में पता चला कि कि ब्रेनस्टेम में एक ऐसा हिस्सा पाया जाता है जिसे लेटरल पैराफेशियल एरिया के नाम से जाना जाता है, यह सांस छोड़ने को कंट्रोल करता है, खासकर खांसी, हंसी या एक्सरसाइज़ के दौरान. इतना ही नहीं स्टडी में यह भी पाया गया यह हिस्सा उन नसों को भी एक्टिव करता है जो रक्त वाहिकाओं को सिकोड़ती हैं और जब नसें सिकुड़ती हैं तब ब्लड प्रेशर बढ़ जाता है.

हाई ब्लड प्रेशर वालों में क्या प्रभाव पड़ता है?
हाई बीपी वालों में में दिमाग का यह हिस्सा बहुत ज्यादा एक्टिव हो जाता है. जिसका मतलब है कि दिमाग का यह हिस्सा हाई बीपी में एक तरह का छिपा हुआ स्विच जैसा है अगर यह ज्यादा एक्टिव है, तो ब्लड प्रेशर बढ़ सकता है.
क्या सांस लेने का तरीका असर डाल सकता है?
स्टडी के मुताबिक सामान्य सांस लेने में ज्यादा मेहनत नहीं लगती. वहीं, अगर हैवी वर्कआउट, लगातार खांसी या स्लीप एपनिया जैसी दिक्कतों में ब्लड प्रेशर को बढ़ा सकता है. ऐसा होता है क्योंकि पेट की मांसपेशियां जोर से सिकुड़ती हैं. बार-बार ऐसा होने से दिमाग का वही हिस्सा एक्टिव रह सकता है, और धीरे-धीरे बीपी बढ़ सकता है.
इसे भी पढ़ें: Heatwave Warning: आने वाली भीषण गर्मी आपके नर्वस सिस्टम पर कर सकती है खतरनाक वार, इन बीमारियों का बढ़ सकता है खतरा
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं