उत्तर प्रदेश के शिक्षामित्रों को त्योहारों से पहले योगी सरकार की तरफ से बड़ा तोहफा दिया गया है. तमाम शिक्षामित्रों के खाते में डबल से ज्यादा सैलरी क्रेडिट की जाएगी. योगी सरकार की तरफ से पहले ही ऐलान किया जा चुका है कि स्कूलों में पढ़ा रहे इन शिक्षामित्रों की सैलरी अब 10 हजार से बढ़कर 18 हजार रुपये की जाएगी. ऐसे में अब सितंबर और अक्टूबर की बढ़ी हुई सैलरी के लिए बजट जारी किया गया है. इसके लिए 460.23 करोड़ रुपये का बजट जारी हुआ है. यानी अब शिक्षामित्रों को दो महीने की बढ़ी हुई सैलरी एक साथ मिलेगी.
कुल इतने शिक्षामित्रों को मिलेगा लाभ
दिवाली से पहले कुल 1,27,841 शिक्षामित्रों को बढ़ी हुई सैलरी मिल जाएगी. बैंक खाते में एक साथ दो महीने की सैलरी क्रेडिट हो सकती है. महानिदेशक मोनिका रानी ने बीएसए को इसे लेकर निर्देश जारी किए हैं. सभी जिलों में बजट भेज दिया गया है, जिसके बाद अब शिक्षामित्रों के खाते में इसे ट्रांसफर करने की तैयारी हो रही है. निर्देश दिए गए हैं कि इसमें किसी भी तरह की ढील नहीं दी जाए.
बाकी कर्मचारियों को भी मिलेगा तोहफा
योगी आदित्यनाथ सरकार की तरफ से शिक्षामित्रों के अलावा राज्य के कर्मचारियों को भी त्योहारों का तोहफा दिया जा सकता है. बताया जा रहा है कि कर्मचारियों का महंगाई भत्ता (डीए) दिवाली से पहले बढ़ाया जा सकता है. बोनस के तौर पर कर्मचारियों को 3 से 7 हजार रुपये तक दिए जा सकते हैं. इसका लाभ प्रदेश में काम कर रहे लाखों कर्मचारियों और पेंशन धारकों को मिलेगा.
स्पेशल टीईटी में शामिल होने की मांग
यूपी के हजारों शिक्षामित्रों को भले ही सरकार की तरफ से बढ़े हुए मानदेय का तोहफा दिया जा रहा है, लेकिन ये तमाम शिक्षामित्र लगातार खुद को परमानेंट करने की मांग कर रहे हैं. इसी बीच हाईकोर्ट ने उन्हें स्पेशल टीईटी में शामिल करने से इनकार कर दिया है. शिक्षामित्रों का कहना है कि वो पिछले कई सालों से स्कूलों में पढ़ा रहे हैं, लेकिन अब उन्हें वेटेज या स्पेशल टीईटी में शामिल करने की बजाय भेदभाव किया जा रहा है.
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