Noida Labor Protest Violence: ग्रेटर नोएडा में हुए श्रमिक आंदोलन की हिंसा के मामले में पुलिस को बड़ी सफलता हाथ लगी है. लंबी तलाश के बाद उस आरोपी को गिरफ्तार कर लिया गया है, जिसने प्रदर्शन के दौरान दर्जनों गाड़ियों में आग लगाकर पूरे इलाके को दहशत में डाल दिया था. आरोपी पर कर्मचारियों को भड़काकर हिंसा फैलाने का भी गंभीर आरोप है, जिससे इस पूरे मामले की गंभीरता और बढ़ गई है.
लंबे समय से फरार था आरोपी
गौतमबुद्धनगर कमिश्नरेट पुलिस के मुताबिक, 13 अप्रैल 2026 को हुए इस हिंसक प्रदर्शन के बाद से ही आरोपी नरेश कुमार फरार चल रहा था. पुलिस लगातार उसकी तलाश में जुटी थी. आखिरकार तकनीकी निगरानी और साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने उसे गिरफ्तार कर लिया.
-
AI पर भारत में आएगा कानून, NDTV World Summit में बोले अश्विनी वैष्णव- चंद हफ्तों में आएगा कंसल्टेशन पेपर -
'भारत के लिए खतरा बिल्कुल रियल': NDTV वर्ल्ड समिट में माइक्रोसॉफ्ट के AI विशेषज्ञ निकोलस बट्स -
भारत में कब बनेगी 'मेड इन इंडिया' चिप? NDTV World Summit में अश्विनी वैष्णव ने बताया -
हाथ से निकल रही है AI की ताकत! Google DeepMind के पूर्व रिसर्चर ने भारत में दी सबसे बड़ी चेतावनी -
AI एक्ट्रेस टिली नॉरवुड को क्यों पसंद हैं SRK? किस फिल्म के रीमेक में करना चाहती हैं काम? -
Shashi Tharoor EXCLUSIVE: NDTV World Summit 2026 में बदलते वर्ल्ड ऑर्डर पर शशि थरूर क्या बोले? -
NDTV World Summit 2026 | शशि थरूर ने AI एक्ट्रेस टिली नॉरवुड से ये क्या पूछ लिया...? -
'चीन से व्यापार भी, सतर्कता भी' : NDTV World Summit में शशि थरूर ने बताया क्यों जरूरी है मल्टी-अलाइनमेंट -
AI एक्ट्रेस टिली नॉरवुड को पसंद हैं शाहरुख खान, बोलीं- ‘ओम शांति ओम’ के रीमेक में करना चाहती हूं काम -
रिजीम चेंज नहीं... शशि थरूर ने दी नई परिभाषा, चुनाव आयोग और सरकार को भी दी नसीहत
आगजनी और तोड़फोड़ से मचाई तबाही
जांच में सामने आया कि सेक्टर-63 स्थित विपुल मोटर्स के पास आरोपी ने अपने साथियों के साथ मिलकर बड़ी वारदात को अंजाम दिया. लोहे के पाइप से कई वाहनों में तोड़फोड़ की गई और फिर दर्जनों दो पहिया और चार पहिया वाहनों को आग के हवाले कर दिया गया. आग इतनी भयानक थी कि देखते ही देखते कई गाड़ियां जलकर राख हो गईं.
भीड़ को भड़काने का भी आरोप
पुलिस के अनुसार, नरेश कुमार महावीरा कंपनी में टेलर के पद पर काम करता था. उस पर आरोप है कि उसने कंपनी के कर्मचारियों को हड़ताल और हिंसा के लिए उकसाया. घटना वाले दिन भी वह नारेबाजी करते हुए भीड़ का हिस्सा बना और प्रदर्शन को हिंसक रूप देने में अहम भूमिका निभाई.
पहले भी रहा है ऐसे मामलों में शामिल
जांच के दौरान पुलिस को पता चला कि आरोपी का आपराधिक इतिहास भी रहा है. वह पहले हरियाणा के मानेसर में हुए हिंसक श्रमिक आंदोलन में भी सक्रिय रूप से शामिल रह चुका है. इसके अलावा उसके मोबाइल फोन से श्रमिक यूनियन से जुड़े कई संदिग्ध दस्तावेज भी बरामद हुए हैं.
तकनीकी निगरानी से पकड़ा गया
घटना के बाद पुलिस से बचने के लिए आरोपी ने अपना मोबाइल नंबर दूसरे नेटवर्क में पोर्ट करा लिया था. लेकिन पुलिस की तकनीकी टीम ने उसकी लोकेशन ट्रेस कर उसे पकड़ लिया. इस कार्रवाई में सीसीटीवी फुटेज और अन्य वैज्ञानिक साक्ष्यों का अहम योगदान रहा.
आगे भी जारी रहेगी कार्रवाई
फिलहाल पुलिस आरोपी से पूछताछ कर रही है और उसके अन्य साथियों की तलाश जारी है. अधिकारियों ने साफ कहा है कि इस हिंसा में शामिल किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा. पुलिस का कहना है कि कानून व्यवस्था बिगाड़ने वालों के खिलाफ आगे भी इसी तरह सख्त कार्रवाई जारी रहेगी.
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं