दिल्ली का इतिहास किताबों से इतर उसके किलों, खंडहरों और पुरानी बस्तियों में आज भी सांस लेता है. अगर आप भी दिल्ली के अतीत को करीब से देखना और समझना चाहते हैं तो आपके लिए शानदार मौका है. दिल्ली विकास प्राधिकरण (DDA) और इंडियन नेशनल ट्रस्ट फॉर आर्ट एंड कल्चरल हेरिटेज (INTACH) मिलकर 24 अक्टूबर से खास हेरिटेज वॉक की शुरुआत कर रहे हैं. इस पहल के तहत लोगों को दिल्ली के करीब 1000 साल पुराने इतिहास से रूबरू कराया जाएगा.
6 महीने में होंगी 12 हेरिटेज वॉक
DDA और INTACH के बीच हुए करार के तहत अगले 6 महीनों में कुल 12 हेरिटेज वॉक आयोजित की जाएंगी. इन वॉक का मकसद लोगों को दिल्ली की ऐतिहासिक धरोहरों, स्मारकों और उनके पीछे छिपी कहानियों से परिचित कराना है. हर एक वॉक प्रशिक्षित गाइड की मौजूदगी में कराई जाएगी, जिससे प्रतिभागियों को इतिहास को विस्तार से समझने का अवसर मिलेगा.
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हेरिटेज वॉक के दौरान प्रतिभागियों को दिल्ली की कई अहम ऐतिहासिक साइट्स दिखाई जाएंगी. इनमें मेहरौली आर्कियोलॉजिकल पार्क, सुल्तानगढ़ी, तुगलकाबाद, डियर पार्क, हौज खास और नॉर्दर्न रिज जैसी जगहें शामिल हैं.
मेहरौली आर्कियोलॉजिकल पार्क में दिल्ली के लगभग 1000 सालों के इतिहास की झलक मिलेगी. यहां तोमर वंश से लेकर दिल्ली सल्तनत, लोदी, मुगल और ब्रिटिश काल तक के ऐतिहासिक पड़ावों के बारे में जानकारी दी जाएगी. प्रतिभागी लाल कोट और किला राय पिथौरा जैसे शुरुआती किलों से लेकर तुगलक शासनकाल की विरासत तक का इतिहास जान सकेंगे.
क्या रहेगा खास?
इन हेरिटेज वॉक में केवल स्मारकों का भ्रमण ही नहीं होगा, बल्कि उनके निर्माण, ऐतिहासिक महत्व, वहां घटित प्रमुख घटनाओं और दिल्ली के विकास में उनकी भूमिका के बारे में भी विस्तार से बताया जाएगा. पूरे कार्यक्रम के दौरान रास्तों के चयन, ऐतिहासिक जानकारी, गाइड और विभिन्न स्थलों पर प्रवेश से जुड़े समन्वय की जिम्मेदारी INTACH निभाएगा. इससे प्रतिभागियों को एक व्यवस्थित अनुभव मिलेगा.
कैसे करें रजिस्ट्रेशन?
हेरिटेज वॉक में हिस्सा लेने के इच्छुक लोग DDA पोर्टल के माध्यम से ऑनलाइन पंजीकरण कर सकते हैं. इसके लिए निर्धारित रजिस्ट्रेशन लिंक bit.ly/HeritageWalkMAP उपलब्ध कराया गया है. पहली हेरिटेज वॉक 24 अक्टूबर को आयोजित की जाएगी.
कितनी है फीस?
इस हेरिटेज वॉक में भाग लेने के लिए 500 रुपये + GST शुल्क देना होगा. पंजीकरण के बाद प्रतिभागी प्रशिक्षित गाइड के साथ दिल्ली की ऐतिहासिक धरोहरों की इस खास यात्रा का हिस्सा बन सकेंगे.
दिल्ली के इतिहास, स्थापत्य कला और सांस्कृतिक विरासत में रुचि रखने वालों के लिए यह हेरिटेज वॉक एक अनोखा अवसर साबित हो सकती है. यहां इतिहास को केवल पढ़ने नहीं, बल्कि उसे करीब से देखने और महसूस करने का मौका मिलेगा.
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