विज्ञापन
This Article is From Jun 16, 2019

Scholarship Scam: इस तरह अधिकारियों, बैंकरों ने गरीब छात्रों के साथ की धोखाधड़ी

Scholarship Scam: सीबीआई के सूत्रों ने खुलासा किया कि गरीबी रेखा से नीचे (बीपीएल) परिवारों के लिए छात्रवृत्ति फंड में घोटाले के तार हिमाचल प्रदेश, हरियाणा और पंजाब तक फैले हुए हैं.

Scholarship Scam: इस तरह अधिकारियों, बैंकरों ने गरीब छात्रों के साथ की धोखाधड़ी
सीबीआई अधिकारियों ने पंजाब, हिमाचल प्रदेश, चंडीगढ़ और हरियाणा के 22 शैक्षणिक संस्थानों पर छापे मारे थे.
नई दिल्ली:

करोड़ों रुपये के छात्रवृत्ति घोटाले (Scholarship Scam) के संबंध में केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) की शुरुआती जांच से सरकारी अधिकारियों, निजी संस्थानों और सार्वजनिक सेक्टर के बैंकों के बीच गरीब छात्रों के लिए जारी फंड खा जाने के मामले में गहरे गठजोड़ का पता चला है. इस वजह से अनुसूचित जाति और अल्पसंख्यक वर्ग के छात्र भी बेसिक शिक्षा के लिए मिलने वाली छात्रवृत्ति से महरूम रहे हैं. सीबीआई के सूत्रों ने खुलासा किया कि गरीबी रेखा से नीचे (बीपीएल) परिवारों के लिए छात्रवृत्ति फंड में घोटाले के तार हिमाचल प्रदेश, हरियाणा और पंजाब तक फैले हुए हैं.

हालांकि सीबीआई की शिमला शाखा द्वारा क्षेत्र में जांच की संभावना सीमित है. सूत्रों ने कहा कि घोटाला बड़े पैमाने पर हुआ है और इसी तरह की शिकायत उत्तराखंड, उत्तरप्रदेश और देश के अन्य भागों से मिली है. सीबीआई के उच्च पदस्थ सूत्र ने कहा, "गरीब और एससी/एसटी छात्रों के हित में, अगर अन्य राज्य इसकी हमसे जांच कराने की अनुशंसा करेंगे तो एजेंसी ऐसे कई मामलों की जांच कर सकता है."

एजेंसी ने खुलासा किया कि लवली प्रोफेशनल विश्वविद्यालय और कर्नाटक विश्वविद्यालय ने हिमाचल प्रदेश जैसे अन्य राज्यों में अपने केंद्र स्थापित किए हैं, जहां एससी/एसटी और बीपीएल छात्रों के दस्तावेज ले लिए जाते हैं लेकिन दाखिला नहीं दिया जाता है. बाद में शिक्षा विभाग और बैंक के अधिकारियों की मिलीभगत से, सरकार द्वारा प्रमाणित वास्तविक दस्तवाजों और पतों के आधार पर फर्जी बैंक खाते खुलवाए जाते हैं.

उदाहरण के लिए, हिमाचल के कांगड़ा के देहड़ी गांव के करीब 250 छात्रों ने इन केंद्रों पर दाखिले के लिए आवेदन किया. इन संस्थानों ने छात्रों से दस्तावेज ले लिए लेकिन उन्हें दाखिला नहीं दिया. उसी प्रकार, छात्रों द्वारा दाखिल किए गए दस्तावेजों के आधार पर स्टेट बैंक ऑफ इंडिया और इलाहबाद बैंक में बड़ी संख्या में फर्जी खाते खोले गए हैं और बैंक अधिकारी खाताधारकों के खाते का सत्यापन न कर इन घोटालेबाजों को छात्रवृत्ति का पैसा गटक जाने का मौका देते हैं.

गत माह, सीबीआई ने प्री व पोस्ट-मैट्रिक छात्रवृत्ति से संबंधित 250 करोड़ रुपये के घोटाले के संबंध में उत्तरी भारत में कई ठिकानों पर छापे मारे थे. सीबीआई अधिकारियों ने पंजाब, हिमाचल प्रदेश, चंडीगढ़ और हरियाणा के 22 शैक्षणिक संस्थानों पर छापे मारे थे.

सीबीआई के अलावा, उत्तराखंड और उत्तरप्रदेश पुलिस भी छात्रवृत्ति घोटाले की जांच कर रही है, जहां शिक्षा विभाग और निजी संस्थान के अधिकारी के हाथ भी इन घोटाले से रंगे नजर आए. उत्तर प्रदेश में अल्पसंख्यक विभाग से संबंधित घोटाले में गरीब मुस्लिम छात्रों की छात्रवृत्ति भ्रष्ट अधिकारी धोखाधड़ी कर डकार गए.

(इनपुट- आईएएनएस)

अन्य खबरें
पंजाब: सरकार ने स्कूलों में यूनिफॉर्म और किताबों की बिक्री पर लगाई रोक
NEET Counselling: नीट की काउंसलिंग से सरकार ने कमाए 15.50 करोड़ रुपए

पूरी स्टोरी पढ़ें

NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं

फॉलो करे:
Scholarship Scam, Scholarship
Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com