UP News: उत्तर प्रदेश सरकार ने विकास को तेज करने के लिए एक बड़ा फैसला लिया है. मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (CM Yogi) की कैबिनेट बैठक में तय किया गया कि अब राज्य के सभी 75 जिलों में 'OTD सीएम फेलो' तैनात किए जाएंगे, ताकि हर जिले में काम की सही निगरानी हो सके और विकास तेजी से आगे बढ़े.
हर जिले में दो फेलो
इस नई योजना के तहत राज्य के सभी 75 जिलों में दो विशेषज्ञ नियुक्त किए जाएंगे. इनमें एक इकोनॉमिक डेवलपमेंट फेलो और एक डेटा एनालिस्ट फेलो होगा. ये दोनों अधिकारी जिला मजिस्ट्रेट के साथ मिलकर काम करेंगे.
-
टैक्स सिर्फ कमाई पर लगे, पूरी रकम पर नहीं..."F&O ट्रेडर्स के नुकसान पर बोले Zerodha को-फाउंडर निखिल कामत -
जिस शशि थरूर को सुनती है पूरी दुनिया, संसद में वह किसे सुनना पसंद करते हैं? खुद खोला राज -
रुपये की गिरती कीमत पर RBI गवर्नर का बड़ा बयान, कोई फिक्स लेवल नहीं, जानिए क्या है रिजर्व बैंक का एक्शन प्लान -
टाटा संस की शेयर बाजार में लिस्टिंग अनिवार्य? RBI गवर्नर ने NDTV समिट में बताया ये क्यों है जरूरी -
मैं कर्म में विश्वास करता हूं... NDTV वर्ल्ड समिट में तुषार ने बताया किन वजहों से जीता यूके में मेयर का चुनाव -
AI से बुलेट ट्रेन तक... अश्विनी वैष्णव ने बताया भारत का फ्यूचर प्लान -
NDTV World Summit 2026: वेजिटेरियन खिलाड़ियों को कौन सी दिक्कतें होती हैं? Savita, Neeru ने बताया -
NDTV World Summit 2026 के मंच पर भारत की 'गोल्डन गर्ल्स' ने बताया जीत का मंत्रा! | Asian Games 2026 -
NDTV World Summit 2026: Lovlina Borgohain ने बताया जीवन का सबसे बड़ा चैलेंज! क्यों लगने लगे ठहाके? -
NDTV World Summit 2026: हॉकी चैंपियन नेहा गोयल का बड़ा खुलासा! दर्द में भी जीत का जश्न
इन फेलो की भूमिका केवल डेटा इकट्ठा करने तक सीमित नहीं होगी. ये जिले के विकास के लिए नई रणनीतियां तैयार करने में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे. कृषि, उद्योग, रोजगार, निवेश और पर्यटन जैसे क्षेत्रों पर खास ध्यान दिया जाएगा. इससे यह समझने में मदद मिलेगी कि किस क्षेत्र में सुधार की जरूरत है.
डिजिटल डैशबोर्ड से होगी निगरानीपहले सरकारी योजनाओं की निगरानी अक्सर कागजी रिपोर्ट या देरी से मिलने वाले डेटा पर आधारित होती थी. लेकिन अब यह सिस्टम पूरी तरह डिजिटल होगा. एक ऑनलाइन डैशबोर्ड के जरिए हर योजना की प्रगति पर नजर रखी जाएगी. इससे यह तुरंत पता चल सकेगा कि कौन सा जिला या सेक्टर पीछे है और कहां सुधार की जरूरत है. इससे फैसले जल्दी लिए जा सकेंगे और योजनाओं का असर भी बढ़ेगा.
CM फेलो के लिए कौन कर सकता है आवेदन?- इस फेलोशिप के लिए आवेदन करने वाले उम्मीदवारों के पास संबंधित विषय में पोस्टग्रेजुएट डिग्री होना जरूरी है.
- अधिकतम आयु सीमा 40 वर्ष तय की गई है.
- चयन प्रक्रिया तीन चरणों में होगी- लिखित परीक्षा (50 अंक), प्रेफरेंशियल क्वालिफिकेशन (30 अंक) और इंटरव्यू (20 अंक).
- चयन की जिम्मेदारी उत्तर प्रदेश स्टेट ट्रांसफॉर्मेशन कमीशन को दी गई है.
चयनित उम्मीदवारों को हर महीने 50,000 रुपये मिलेंगे. इसके साथ ही लैपटॉप, यात्रा खर्च और रहने की सुविधा भी दी जाएगी. शुरुआत में यह नौकरी एक साल के लिए होगी, जिसे बाद में बढ़ाया जा सकता है. यानी ये योजना राज्य के विकास को नई दिशा देने का काम करेगी, साथ ही इससे रोजगार के अवसर भी मिलेंगे.
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं