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दूरदर्शन के इस शो का बच्चों को संडे को रहता था इंतजार, गुलजार ने लिखे थे बोल, गाना आज भी रहता है जुबां पर

दूरदर्शन का एक शो बच्चों के बीच इतना पॉपुलर था कि संडे के दिन गली मोहल्ले खाली हो जाते थे. ‘चड्डी पहन के फूल खिला है’ आज भी 90s के बच्चों को ‘द जंगल बुक’ की सुनहरी यादों में ले जाता है.

दूरदर्शन के इस शो का बच्चों को संडे को रहता था इंतजार, गुलजार ने लिखे थे बोल, गाना आज भी रहता है जुबां पर
गुलजार ने लिखा दूरदर्शन के इस शो का गाना, बच्चे हुए फैन
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नई दिल्ली:

90s में जब टीवी चैनलों की भरमार नहीं थी, तब दूरदर्शन ही मनोरंजन का सबसे बड़ा ठिकाना हुआ करता था. उस दौर में कुछ ऐसे शो आए, जिन्होंने बच्चों से लेकर बड़ों तक के दिलों में खास जगह बना ली. इनमें एक ऐसा शो भी था, जिसके लिए बच्चे पूरे हफ्ते रविवार का इंतजार करते थे. जैसे ही इसकी शुरुआत होती, घरों का माहौल बदल जाता. शो की कहानी तो पसंद की ही जाती थी, लेकिन इसका गाना भी इतना लोकप्रिय हुआ कि बच्चे उसे गुनगुनाए बिना नहीं रहते थे. जानते हैं दूरदर्शन के इस सीरियल का नाम?

रविवार को आता था बच्चों का पसंदीदा शो

इस सीरियल का नाम ‘द जंगल बुक' था. दूरदर्शन पर प्रसारित होने वाली इस लोकप्रिय एनिमेटेड सीरीज ने मोगली, बालू, बघीरा और शेरखान जैसे किरदारों के जरिए बच्चों को रोमांच और मनोरंजन की अनोखी दुनिया से रूबरू कराया. इसका टाइटल सॉन्ग “चड्डी पहन के फूल खिला है” आज भी 90 के दशक की यादों को ताजा कर देता है. मशहूर गीतकार गुलजार के लिखे इस गीत को विशाल भारद्वाज ने संगीतबद्ध किया था, जबकि अमोल सहदेव की आवाज ने इसे हमेशा के लिए यादगार बना दिया. जापान में निर्मित यह सीरीज साल 1993 में भारत में दूरदर्शन पर प्रसारित हुई और देखते ही देखते बच्चों की पसंदीदा बन गई.

दूरदर्शन पर प्रसारित होने वाला बच्चों का सीरियल 'द जंगल बुक'  90s के दशक के सबसे चर्चित बच्चों के कार्यक्रमों में गिना जाता था. ये शो खास तौर पर रविवार को दिखाया जाता था और बच्चे सुबह से ही इसके शुरू होने का इंतजार करते थे. उस समय मनोरंजन के विकल्प सीमित थे, इसलिए ये कार्यक्रम परिवारों के बीच भी काफी लोकप्रिय था. आज भी इसकी याद आते ही लोगों के चेहरे पर मुस्कान आ जाती है.

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37 साल पुराना है शो

'द जंगल बुक' की शुरुआत सबसे पहले जापान में हुई थी. इसे पहली बार 2 अक्टूबर 1989 को वहां प्रसारित किया गया था. भारत में इसका टेलीकास्ट 1993 में दूरदर्शन पर शुरू हुआ. शो को जबरदस्त लोकप्रियता मिली और बाद में लॉकडाउन के दौरान साल 2020 में इसे एक बार फिर टीवी पर दिखाया गया. नई पीढ़ी ने भी इसे काफी पसंद किया.

इस शो का टाइटल सॉन्ग 'चड्डी पहन के फूल खिला है' आज भी लोगों को याद है. 90 के दशक के बच्चे इसे बड़े उत्साह से गुनगुनाते थे. इस गाने के बोल मशहूर गीतकार गुलजार ने लिखे थे, जबकि संगीत विशाल भारद्वाज ने तैयार किया था. इसे अमोल सहदेव ने अपनी आवाज दी थी. यही वजह है कि शो के साथ-साथ इसका गाना भी आइकॉनिक बन गया.

क्या थी शो की कहानी

इस टीवी सीरीज की कहानी मोगली नाम के एक बच्चे के इर्द-गिर्द घूमती है, जिसे भेड़ियों का एक समूह पालता है. मोगली जंगल में भालू और बघीरा जैसे दोस्तों के साथ बड़ा होता है. इस दौरान उसे शेर खान जैसे खतरनाक दुश्मन का सामना भी करना पड़ता है. ये कहानी मशहूर लेखक रुडयार्ड किपलिंग की किताब पर आधारित मानी जाती है, जिसमें भारतीय जंगलों का भी जिक्र मिलता है.

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सिनेमा की दुनिया में डूबे रहना पहली पसंद. टेलीविजन की दुनिया के लेटेस्ट अपडेट टिप्स पर रहते हैं. बॉलीवुड की खबरों पर तीखी नजर और गहन विश्लेषण. साल 201... और पढ़ें
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