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बच्चों के डायपर को कितने घंटे में बदलना चाहिए? पीडियाट्रिशियन ने बताया सर्दियों में बच्चे को डायपर रैश होने से कैसे बचाएं

Parenting Tips: डॉक्टर ने बताया है कि बच्चे का डायपर कितनी देर में बदल देना चाहिए और डायपर रैश से बचने के लिए किन बातों पर ध्यान देना चाहिए. आइए जानते हैं इस बारे में-

बच्चों के डायपर को कितने घंटे में बदलना चाहिए? पीडियाट्रिशियन ने बताया सर्दियों में बच्चे को डायपर रैश होने से कैसे बचाएं
डायपर कितने घंटे में बदलना चाहिए?

Parenting Tips: छोटे बच्चों में डायपर रैश होना एक बहुत आम समस्या है. इसके पीछे कुछ छोटी-छोटी गलतियां जिम्मेदार हो सकती हैं. माता-पिता जाने-अनजाने में कुछ आम गलतियां कर बैठते हैं, जिससे  बच्चे की नाजुक त्वचा को नुकसान हो जाता है. खासकर पैरेंट्स बच्चे का डायपर चेंज करने में लापरवाही कर जाते हैं. इसी विषय पर पीडियाट्रिशियन अनुराधा ने अपने इंस्टाग्राम हैंडल पर एक वीडियो शेयर किया है. इस वीडियो में डॉक्टर ने बताया है कि बच्चे का डायपर कितनी देर में बदल देना चाहिए और डायपर रैश से बचने के लिए किन बातों पर ध्यान देना चाहिए. आइए जानते हैं इस बारे में- 

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डायपर कितने घंटे में बदलना चाहिए?

पीडियाट्रिशियन के मुताबिक, बच्चे का डायपर हर 3 से 4 घंटे में जरूर बदलना चाहिए. अगर बच्चे ने पॉटी की है, तो तुरंत डायपर बदलना चाहिए, चाहे समय कितना भी कम क्यों न हुआ हो. देर तक गीला या गंदा डायपर रहने से रैश होने का खतरा बढ़ जाता है.

इन बातों का रखें खास ध्यान सही साइज का डायपर चुनें

डॉक्टर बताती हैं, डायपर का साइज बहुत अहम होता है. बहुत टाइट डायपर हवा का रास्ता रोक देता है, जिससे स्किन गीली और इरिटेट रहती है. वहीं, बहुत ढीला डायपर लीक का कारण बनता है, जिससे स्किन पर गंदगी फैल सकती है. ऐसे में हमेशा बच्चे के वजन और कमर के हिसाब से सही साइज का डायपर चुनें.

डायपर बदलते समय सही तरीके से साफ करें

डायपर बदलते वक्त बच्चे की त्वचा को हल्के हाथों से, आगे से पीछे की ओर साफ करें. हार्श या ज्यादा खुशबू वाले वाइप्स से बचें, क्योंकि ये स्किन को ड्राई और सेंसिटिव बना सकते हैं. जरूरत हो तो नॉर्मल पानी और सॉफ्ट कॉटन का इस्तेमाल करें.

बच्चे को डायपर-फ्री टाइम दें 

डॉक्टर कहती हैं, हर दिन बच्चे को कुछ समय के लिए डायपर-फ्री रखें. इससे त्वचा को हवा लगती है और नमी कम होती है, जो रैश से बचाने में मदद करती है.

बैरियर क्रीम लगाएं

डायपर रैश से बचाने के लिए डॉक्टर बैरियर क्रीम का इस्तेमाल करने की सलाह देती हैं. लेकिन ध्यान रखें कि क्रीम सिर्फ साफ और पूरी तरह सूखी त्वचा पर ही लगाएं. क्रीम की मोटी परत लगाने की जरूरत नहीं होती, बस हल्की लेयर काफी है.

टैल्कम पाउडर से बचें

इन सब से अलग डॉक्टर अनुराधा कहती हैं, कई लोग डाइपर बदलते समय बच्चे को टैल्कम पाउडर लगा देते हैं. ऐसा करने से बचें. टैल्कम पाउडर नमी को फंसा सकता है और बच्चे की त्वचा में जलन बढ़ा सकता है. इसलिए इसका इस्तेमाल न करें.

इस तरह छोटी-छोटी बातों पर ध्यान देकर आप बच्चे को डायपर रैश होने से बचा सकते हैं. 

अस्वीकरण: सलाह सहित यह सामग्री केवल सामान्य जानकारी प्रदान करती है. यह किसी भी तरह से योग्य चिकित्सा राय का विकल्प नहीं है. अधिक जानकारी के लिए हमेशा किसी विशेषज्ञ या अपने चिकित्सक से परामर्श करें. एनडीटीवी इस जानकारी के लिए ज़िम्मेदारी का दावा नहीं करता है.

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