- प्रशांत किशोर ने नीतीश कुमार को बिहार के सबसे समझदार और समाज की चिंता करने वाले नेताओं में माना है
- उन्होंने कहा कि नीतीश कुमार के स्वस्थ रहने पर बिहार में सुधार के प्रयास सफल हुए हैं
- प्रशांत किशोर ने अनंत सिंह के बयान पर उठे विवाद में नीतीश कुमार का स्पष्ट समर्थन किया
विधान परिषद चुनाव की सरगर्मी के बीच प्रशांत किशोर ने नीतीश कुमार की तारीफ की है. वैशाली में चुनाव प्रचार के दौरान उन्होंने कहा कि नीतीश कुमार बिहार के सबसे सुलझे और समाज की चिंता करने वाले नेताओं में हैं. बिहार के ऑल टाइम 10 नेताओं में नीतीश जी होंगे, जब नीतीश जी स्वस्थ नहीं थे और उनके नाम पर लोग सत्ता चला रहे थे, तब बहुत गड़बड़ियां हुईं, जिसका विरोध किया. जब नीतीश कुमार शारीरिक तौर पर स्वस्थ थे, उन्होंने बिहार को सुधारने का प्रयास किया. उन्होंने अनंत सिंह के कथित 9 हत्याओं वाले बयान पर छिड़े विवाद पर नीतीश कुमार का बचाव किया.
अनंत सिंह के बयान के गलत मायने निकाले जाने के बाद नीतीश कुमार पर भी सवाल उठ रहे थे. प्रशांत ने कहा कि जितना मैं जानता हूं, नीतीश कुमार सुलझे हुए नेता हैं. प्रशांत किशोर लंबे वक्त तक नीतीश कुमार के करीबी रहे हैं. 2015 के चुनाव में महागठबंधन के लिए कैंपेन बनाने से लेकर जदयू के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष तक रहते हुए, वे नीतीश के विश्वस्त थे. माना जा रहा है कि इस बयान के जरिए वे पटना स्नातक क्षेत्र के उन मतदाताओं को साधना चाहते हैं, जो लंबे वक्त से नीतीश कुमार को वोट करते रहे हैं. प्रशांत किशोर ने सम्राट चौधरी को लेकर वायरल हो रहे अधूरे पर भी सफाई दी. प्रशांत के बयान पर भाजपा हमलावर थी.
प्रशांत ने कहा कि मेरे बयान को आधा - अधूरा चलाया गया। उन्होंने कहा कि रोज कह रहा हूं कि सम्राट चौधरी अनपढ़ हैं, 7वीं फेल हैं और 7 लोगों की हत्या के आरोप में जेल काटकर आए हैं, अगर थाने में MLA-MP तय करने लगें कि कौन आरोपी है और उसे गोली मार दी जाए, तो उस हिसाब से सम्राट चौधरी भी अपराधी हो जाएंगे, अगर हमने गलत कहा है, तो सम्राट चौधरी की सरकार है, केस कर दे, हम यहीं हैं. प्रशांत किशोर बिहार में विधान परिषद की 8 सीटों पर हो रहे चुनाव के प्रचार के लिए बिहार भर का दौरा कर रहे हैं.
वे बांकीपुर की तरह लोगों से जाति-धर्म से ऊपर उठने की मांग कर रहे हैं. वैशाली में उन्होंने कहा कि अपने और अपने बच्चों की शिक्षा-रोजगार, शिक्षक अपने सम्मान- वेतनमान के लिए वोट दीजिए. अब लोगों को तय करना है कि सम्राट चौधरी की बेलगाम व्यवस्था में रहना है या उस पर अंकुश-लगाम लगाना है. वैशाली में नाव दुर्घटना पर शोक जताते हुए उन्होंने कहा कि दशहरा के दिन 20 तारीख को उन परिवारजनों के साथ बिताऊंगा और करीब-करीब पूरे दिन रहूंगा, यहां 15 बच्चों की मृत्यु हो गई, लेकिन CM और NDA सरकार को इतना वक्त नहीं कि परिवारों से मिलें.
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं