कुछ दीवाने लोग ऐसे होते हैं जो अपना सबकुछ होम करके भी अपने मक़सद में लगे होते हैं. 71 साल के विपिन कुमार त्रिपाठी भी ऐसे ही शख़्स हैं. 1990 के दशक में भागलपुर में हुए दंगों के ख़िलाफ़ उन्होंने परचे बांटे और उसके बाद इस तरह की नफ़रत से लड़ना उनका मिशन हो गया. वे आईआईटी, दिल्ली से अवकाश प्राप्त कर चुके हैं. देश भर में घूम-घूम कर पैंफ्लेट बांटते हैं. बाबरी मस्जिद के बाद की हिंसा भी उन्होंने रोकने की कोशिश की और इन दिनों 370 को लेकर पैंफ़्लेट बांट रहे हैं. हालांकि सोशल मीडिया के इस दौर में उनका एक वायरल हो चुका वीडियो उनकी नई शोहरत दे रहा है तो उनके लिए मुसीबत भी बन गया है. अब उनको धमकी भी दी जा रही है, ट्रोल भी किया जा रहा है लेकिन इसके बावजूद उन्होंने हौसला नहीं छोड़ा है.