मुंबई में बॉलीवुड एक्टर टाइगर श्रॉफ की कार पर फायरिंग के मामले में जांच के दौरान नए खुलासे हो रहे हैं. हालांकि इन सबके बीच एक्टर सोशल मीडिया पर ट्रोल होते हुए नजर आ रहे हैं, जिसकी वजह टाइगर श्रॉफ के दो वीडियो है, जिसमें से पहले क्लिप में वह हाथ और बॉडी पर पट्टी लगाए हुए नजर आए थे. जबकि दूसरी क्लिप में वह पट्टी के बिना दिखे थे और इंटरनेट यूजर्स को उनके घाव नहीं दिखे तो लोगों ने ट्रोल करना शुरू कर दिया. इसी बीच टाइगर श्रॉफ की टीम ने हमले के बाद पोस्ट शेयर करते हुए एक वीडियो में अपनी चोटें दिखाई हैं और ट्रोलर्स को जवाब दिया है.
टाइगर श्रॉफ का हमले के बाद पहला पोस्ट
इंस्टाग्राम पर वीडियो शेयर करते हुए टाइगर श्रॉफ की टीम ने लिखा, भगवान दयालु है. जबकि क्लिप में उनके हाथों पर छोटे छोटे बिंदी जैसे निशान देखे जा सकते हैं.
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टाइगर श्रॉफ केस में अपडेट
टाइगर श्रॉफ के फायरिंग केस में मुंबई क्राइम ब्रांच के मुताबिक आरोपी कुणाल ने हथियार मुंबई पहुंचाने के लिए राधा और बबीता नाम की दो महिलाओं को पैसे दिए थे. दोनों को काम के सिलसिले में मुंबई घूमने का लालच भी दिया गया था. पुलिस के मुताबिक, हथियार पहुंचाने के बाद दोनों महिलाओं के मुंबई में कुछ जगहों पर घूमने की जानकारी सामने आई है. अब क्राइम ब्रांच इस पूरे नेटवर्क से जुड़े लोगों की भूमिका की जांच कर रही है.
मुंबई क्राइम ब्रांच की एंटी-एक्सटॉर्शन सेल आरोपियों के मोबाइल फोन से डेटा रिकवर करने में जुटी है. जांच में सामने आया कि आरोपियों ने सबूत मिटाने के लिए अपने मोबाइल फोन फेंक दिए थे. अब इन फोन का डेटा वापस हासिल करने की कोशिश की जा रही है. इसके साथ ही आरोपियों के कॉल डिटेल रिकॉर्ड (सीडीआर) भी निकाले जा रहे हैं ताकि पता चल सके कि वे किन लोगों के संपर्क में थे और वारदात से पहले और बाद में किससे उनकी बातचीत हुई थी. इस मामले में दिल्ली और सोनीपत से गिरफ्तार चार आरोपियों को मुंबई क्राइम ब्रांच की एंटी एक्सटॉर्शन सेल की ओर से कोर्ट में पेश किया जाएगा. पुलिस इन आरोपियों से पूछताछ के आधार पर हथियारों की सप्लाई और फायरिंग की तैयारी से जुड़ी कड़ियां जोड़ रही है.
18 अक्टूबर को हुई थी फायरिंग
बता दें कि 18 अक्टूबर को मुंबई के जुहू इलाके में टाइगर श्रॉफ की कार पर फायरिंग हुई थी. अभिनेता फुटबॉल खेलने के बाद पुष्पा नरसी ग्राउंड से अपनी कार में जा रहे थे. इसी दौरान बाइक से आए हमलावरों ने उनकी कार पर गोलियां चलाईं. घटना में टाइगर बाल-बाल बचे लेकिन उनके ड्राइवर फिरदौस गोली लगने से घायल हो गए. घटना के बाद मुंबई पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू की. शुरुआती कार्रवाई में तीन आरोपियों रेहान, फूल सिंह और ऋतिक कुमार को राजस्थान के कोटा से गिरफ्तार किया गया था. बाद में हथियारों की सप्लाई से जुड़े लोगों की भूमिका की जांच करते हुए दिल्ली और सोनीपत से भी गिरफ्तारियां हुईं. पुलिस के मुताबिक, फायरिंग में इस्तेमाल हथियार को मुंबई तक पहुंचाने के लिए अलग-अलग लोगों की मदद ली गई थी.
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