विज्ञापन

53 साल पुराना वो गाना जिसमें साजन के लिए तैयार हो रही थी सजनी, गुड़ की वजह से पड़ा रंग में भंग, आशा भोसले की आवाज आज भी बेजोड़

53 साल पुराना वो गाना जिसमें सजनी ने की साजन के लिए सजने की कोशिश, लेकिन गुड़ की वजह से बिगड़ गया सारा माहौल, आ गई तलाक की नौबत. आशा भोसले का एवरग्रीन सॉन्ग.

53 साल पुराना वो गाना जिसमें साजन के लिए तैयार हो रही थी सजनी, गुड़ की वजह से पड़ा रंग में भंग, आशा भोसले की आवाज आज भी बेजोड़
53 साल पुराना वो हिंदी गाना जिसमें सजना ने किया सजनी का मूड ऑफ, गु़ड़ बना बनाया
IMDb
नई दिल्ली:

हिंदी सिनेमा की कुछ फिल्में बेजाड़ हैं. समय से परे हैं और कहानी के मामले में तो आज के मेकर्स को उनसे सबक लेना चाहिए. साल 1973 में रिलीज हुई राजश्री प्रोडक्शंस की फिल्म 'सौदागर' ऐसी ही मूवी है. जिसका गाना 'सजना है मुझे सजना के लिए'. आज 53 साल बाद भी सुनने वालों के दिलों में वही मिठास और रोमांच भर देता है. इस गाने में एक लड़की का अपने पति के लिए तैयार होना, लेकिन पति का गुड़ की वजह से मूड खराब होना शामिल है. अगर आपने ये फिल्म देखी है या गाना सुना है तो आप समझ गए होंगे कि माजरा क्या है. देखिए यहां फिल्म को लेकर तो हम आपको कोई स्पॉयलर नहीं देने वाले. लेकिन इस गाने का जादू आज भी कायम है.

सौदागर की कहानी और गुड़ का राज

फिल्म सौदागर का निर्देशन सुधेन्दु रॉय ने किया था. यह नरेन्द्रनाथ मित्र की बंगाली कहानी रस पर आधारित है. कहानी का केंद्र है मोती (अमिताभ बच्चन), जो खजूर के रस से बने मौसमी गुड़ का व्यापार करता है. ऑफ सीजन में वह फूलबानो (पद्मा खन्ना) से मिलता है और प्यार हो जाता है. शादी के लिए मेहर की मांग पूरी करने के लिए उसको मोटी कमाई करनी है.

अब इसी उलझन में शानदार गुड़़ बनाने वाली विधवा माजूबी (नूतन) से शादी कर लेता है. माजूबी को लगता है कि मोती उससे प्यार करता है. लेकिन आखिर में चौंकाने वाले खुलासे होते हैं. फिल्म कारोबारी रूप से बहुत सफल नहीं रही, लेकिन इसे 46वें अकादमी पुरस्कारों के लिए भारत की एंट्री के रूप में चुना गया था.

सजना है सजनी के लिए गाना, गुड़ ने किया मजा किरकरा

सौदागर फिल्म का 'सजना है मुझे सजना के लिए' गाना रवींद्र जैन की रचना है. इसका म्यूजिक और गाने के बोल दोनों उन्होंने ही लिखे थे. रवींद्र जैन की खासियत थी कि वे आसान शब्दों में गहरी बात कह जाते थे. इस गाने को आशा भोसले ने गाया है. अब गाने के बोल पर नजर दौड़ाइए: सजना है मुझे सजना के लिए, सजना है मुझे सजना के लिए, जरा उलझी लटें संवार दूं.'

ये गाना पद्मा खन्ना पर फिल्माया गया था. लेकिन इस गाने में गुड़ के साथ कुछ ऐसा होता है कि अमिताभ बच्चन उस तरह का रिएक्शन नहीं देते, जैसी उम्मीद पद्मा खन्ना कर रही थीं. कुल मिलाकर ये गाना जितना शानदार है, उतना ही अहम फिल्म की कहानी के लिए भी है. आज भी ये गाना हिंदी संगीत के इतिहास में अहम स्थान रखता है.

पूरी स्टोरी पढ़ें

NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं

फॉलो करे:
Saudagar 1973, Amitabh Bachchan, Padma Khanna, Entertainment, Hindi Songs
Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com