बारिश की एक अजीब सी आदत होती है. ये कभी अकेले नहीं आती. अपने साथ ढेर सारी यादें, कुछ अधूरी बातें और कई अनकहे जज्बात भी ले आती है. खिड़की पर गिरती हर बूंद जैसे दिल से पूछती है, "सब ठीक है ना?" और तभी कहीं दूर कोई गाना बजने लगता है. ऐसा गाना, जो सिर्फ कानों तक नहीं, सीधे दिल तक पहुंचता है. शायद इसलिए बारिश में सुने गए गाने हमेशा याद रह जाते हैं. क्योंकि उस वक्त हम उन्हें सुनते नहीं, बल्कि महसूस करते हैं. बॉलीवुड ने भी बारिश को सिर्फ भीगने का मौसम नहीं बनाया, बल्कि मोहब्बत, इंतजार और बिछड़ने की सबसे खूबसूरत जुबान बना दिया.
ये भी पढ़ें: OTT This Week: 20 जुलाई से 26 जुलाई तक, ओटीटी पर इस हफ्ते रिलीज होंगी ये 8 फिल्में और वेब सीरीज
'तुम ही हो'...का अधूरा प्यार
'तुम ही हो, अब तुम ही हो...' बस इतनी सी लाइन सुनते ही दिल किसी अपने को ढूंढने लगता है. आशिकी 2 का ये गाना सिर्फ एक लव सॉन्ग नहीं, बल्कि उस मोहब्बत की धड़कन है, जो बिछड़कर भी खत्म नहीं होती. बारिश में भीगते श्रद्धा कपूर और आदित्य रॉय कपूर का वो सीन आज भी दिल को छू जाता है. ऐसा लगता है जैसे आसमान भी उनके साथ अपनी खामोशी रो रहा हो. इस गाने में हर गिरती बूंद उस खालीपन को महसूस कराती है, जिसे सिर्फ सच्चा प्यार करने वाला समझ सकता है.
'भीगी-भीगी सी हैं रातें'... की खामोशी
' भीगी-भीगी सी है रातें..' ये लाइन सुनते ही बारिश और भी खूबसूरत लगने लगती है. गैंगस्टर का ये गाना उन जज्बातों की कहानी है, जिन्हें लोग अक्सर अपने दिल में छिपाकर रखते हैं. इसकी धुन में सुकून भी है और दर्द भी. ऐसा लगता है जैसे बारिश हर बूंद के साथ दिल का बोझ हल्का कर रही हो और पुराने जख्मों को बिना आवाज दिए फिर से छू रही हो.
'ये मौसम की बारिश'...की यादें
''ये मौसम की बारिश'... हाफ गर्लफ्रेंड का 'बारिश' हर उस इंसान का गाना है, जिसने किसी को खोकर भी उसकी यादों को नहीं छोड़ा. इस गाने में बरसती बूंदें पुराने दिनों की तस्वीरें बन जाती हैं. हर धुन ऐसा एहसास कराती है जैसे कोई बीता हुआ लम्हा फिर से सामने आकर चुपचाप बैठ गया हो. कुछ यादें सच में बारिश के साथ ही लौटती हैं.
'बारिश लेते आना'...का इंतजार
दर्शन रावल का 'बारिश लेते आना' सुनते हुए लगता है जैसे कोई दिल आज भी दरवाजे पर खड़ा किसी का इंतजार कर रहा हो. यहां बारिश उम्मीद है. एक ऐसी उम्मीद, जो जानती है कि शायद कोई नहीं आएगा, फिर भी हर मौसम में उसी का इंतजार करती है.
'फिलहाल 2' ...की कसक
फिलहाल 2' सिर्फ एक ब्रेकअप सॉन्ग नहीं है. ये उन लोगों की कहानी है, जिन्होंने किसी को भुलाने की लाख कोशिश की, लेकिन हर बारिश उन्हें फिर उसी मोड़ पर ले आई. इसकी धुन बताती है कि वक्त आगे बढ़ सकता है, लेकिन कुछ एहसास वहीं ठहरे रहते हैं. ऐसा लगता है जैसे हर बूंद कोई पुराना सवाल लेकर आई हो, जिसका जवाब आज तक नहीं मिला. शायद इसलिए कुछ गाने हर बारिश में फिर से नए लगने लगते हैं, क्योंकि बदलता मौसम है, लेकिन दिल के जज्बात कभी नहीं बदलते.
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं