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रमाशंकर सिंह

रमाशंकर सिंह

कॉलमिस्ट
रमाशंकर सिंह ने इलाहाबाद विश्वविद्यालय के गोविंद बल्लभ पंत सामाजिक विज्ञान संस्थान, झूसी, प्रयागराज से डी. फिल. की उपाधि  प्राप्त की है. वे भारतीय उच्च अध्ययन संस्थान, शिमला में फ़ेलो रहे हैं. वे डॉ. अंबेडकर विश्वविद्यालय दिल्ली में एकेडमिक फ़ेलो थे. निषादों, बांस पर आश्रित जातियों, घुमंतू और विम...
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रमाशंकर सिंह

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रमाशंकर सिंह ने इलाहाबाद विश्वविद्यालय के गोविंद बल्लभ पंत सामाजिक विज्ञान संस्थान, झूसी, प्रयागराज से डी. फिल. की उपाधि  प्राप्त की है. वे भारतीय उच्च अध्ययन संस्थान, शिमला में फ़ेलो रहे हैं. वे डॉ. अंबेडकर विश्वविद्यालय दिल्ली में एकेडमिक फ़ेलो थे. निषादों, बांस पर आश्रित जातियों, घुमंतू और विमुक्त समुदायों के इतिहास, भाषा, संस्कृति, राजनीति और जीवन-बोध पर उनके लेख 'ईपीडब्ल्यू', 'आलोचना','प्रतिमान' और 'नया पथ'जैसे प्रतिष्ठित पत्र-पत्रिकाओं में प्रकाशित होते रहे हैं. उनके दर्जनों लेख विभिन्न विद्वानों द्वारा संपादित किताबों और ज्ञान कोशों में प्रकाशित हुए हैं. उन्होंने पीपुल्स लिंग्विस्टिक सर्वे ऑफ़ इण्डिया के उत्तर प्रदेश खण्ड के लिए लेखन, अनुवाद और संपादन का काम किया है. वर्तमान में वो कानपुर के क्राइस्ट चर्च कॉलेज में सहायक प्रोफ़ेसर हैं. वो उत्तर प्रदेश के कलंदर, महावत और मिर्शिकर समुदाय पर शोध कर रहे हैं.