रविशंकर प्रसाद (फाइल फोटो)
नई दिल्ली: दूरसंचार व आईटी मंत्री रविशंकर प्रसाद ने मंगलवार को कहा कि ट्विटर और अन्य सोशल मीडिया प्लेटफॉर्मों को यह सुनिश्चित करना होगा कि लोग आतंकवाद तथा चरमपंथ को बढ़ावा देने के लिए उनका दुरुपयोग नहीं कर सकें।
रविशंकर प्रसाद ने सोशल नेटवर्किंग साइटों को यह ध्यान रखने को कहा है कि भारत 'आतंकवाद के छोटे केंद्र (हब) से घिरा है। सोशल मीडिया वेबसाइट ट्विटर के वैश्विक नीति प्रमुख कोलिन क्रोवेल ने आज प्रसाद से मुलाकात की। इस दौरान प्रसाद ने क्रोवेल के साथ सोशल मीडिया के इसतेमाल, सुरक्षा व निजता से जुड़े मुद्दों के साथ साथ ट्विटर पर जम्मू क्षेत्र की भौगोलिक स्थिति को दिखाए जाने में गड़बड़ी आदि पर भी चर्चा की।
बैठक के बाद रविशंकर प्रसाद ने संवाददाताओं से कहा, मैंने एक महत्वपूर्ण मुद्दा उनके समक्ष उठाया कि जब हम सोशल मीडिया का खुलकर स्वागत करते हैं, हम अभिव्यक्ति की आजादी का आदर करते हैं, लेकिन ट्विटर को भी यह सुनिश्चित करना होगा कि इस प्लेटफॉर्म का दुरुपयोग आतंकवाद व चरमपंथ के लिए नहीं हो।
उन्होंने कहा, ...लेकिन लोग इस प्लेटफॉर्म का दुरुपयोग करते हैं और इस पर ध्यान दिए जाने की जरूरत है। भारत एक छोटे आतंकवादी केंद्र (हब) के बीच बैठा है और उसके समक्ष खतरे हैं। उन्होंने (क्रोवेल ने) इस समस्या को स्वीकार किया है। उन्होंने बताया कि इसके चलते ट्विटर ने 1,00,000 से अधिक पोस्ट सामग्री हटाई हैं।
इसी तरह जम्मू को पाकिस्तान के हिस्से के रूप में दिखाए जाने का मुद्दा भी उठा। मंत्री ने कहा, मैंने इस मुद्दे पर हमारी आपत्ति और गहरी निराशा को औपचारिक रूप से उन्हें बताया। भौगोलिक पहचान व एकता के मुद्दे पर इन प्लेटफॉर्मों द्वारा अधिक संवेदनशीलता बरते जाने की जरूरत है। उल्लेखनीय है कि ट्विटर की 'लोकेशन टैगिंग' सेवा में जम्मू को पाकिस्तान का हिस्सा और जम्मू-कश्मीर को चीन में दिखाया गया था, जिसको लेकर इसकी भारी आलोचना हुई। प्रसाद ने ट्विटर से भारत के डिजिटल साक्षरता कार्य्रकम में शामिल होने का न्योता भी दिया।
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