आरबीआई सबसे अधिक एनपीए वाले 500 खातों पर करेगी कार्रवाई- प्रतीकात्मक फोटो
रिजर्व बैंक ऑफ इंडिया (आरबीआई) की आतंरिक सलाहकार समिति ने सबसे ज़्यादा नॉन परफ़ॉर्मिंग एसेट्स यानी एनपीए वाले 500 खातों की पहचान की है जिनके ख़िलाफ इनसॉल्वेसी ऐंड बैंकरप्सी कोड के तहत कार्रवाई करने की सिफारिश की जाएगी. इसके अलावा इस मींटिग के दौरान एक चौकाने वाला आंकड़ा सामने आया है.
इस खुलासे के मुताबिक, 12 ख़ाताधारकों के पास ही कुल एनपीए का 25 फ़ीसदी हिस्सा बकाया है यानी करीब दो लाख करोड़ रुपये. आरबीआई के मुताबिक 8 लाख करोड़ रुपए बकाए में से 6 लाख रुपए सार्वजनिक बैंको के है. इस बारे में आरबीआई, बैंकों को गाइडलाइन जारी करेगा. अगर बैंक फैसला नही ले पाए तो इन पर इन्सॉल्वेंसी के तहत केस चलेगा. समूचा बैंकिंग क्षेत्र इस समय फंसे कर्ज के बोझ तले दबा हुआ है. करीब 8 लाख करोड़ रुपये की राशि कर्ज में फंसी है, जिसमें से 6 लाख करोड़ रुपये की राशि सार्वजनिक क्षेत्र के बैंकों की है.
रिजर्व बैंक ने कहा है कि ये 12 बैंक खाते दिवाला कानून के तहत तुंरत कारवाई के लिए उपयुक्त हैं. हालांकि केंद्रीय बैंक ने इन खाताधारकों के नाम नहीं बताए हैं. रिजर्व बैंक ने एक आंतिरक सलाहकार समिति बनाई है. इस समिति में ज्यादातर स्वतंत्र बोर्ड सदस्य शामिल हैं. यह समिति रिजर्व बैंक को उन मामलों के बारे में सलाह देती है, जिनमें दिवाला कानून के तहत कार्रवाई की जा सकती है. (एजेंसियो ंसे भी इनपुट)