खास बातें
- देश में सोने की खपत 2010 में 963.1 टन हुई, जो पिछले साल की खपत के मुकाबले 66 फीसदी अधिक है।
नई दिल्ली: देश में सोने की खपत 2010 में 963.1 टन हुई, जो पिछले साल की खपत के मुकाबले 66 फीसदी अधिक है। स्वर्ण खपत की कुल कीमत 1,733.3 अरब रुपये आंकी गई है। विश्व स्वर्ण परिषद (डब्ल्यूजीसी) की भारतीय इकाई ने शुक्रवार को कहा कि देश में सोने के गहने, सोने की छड़ और मुद्राओं में इस साल काफी निवेश हुआ है। विश्व स्वर्ण परिषद के मध्यपूर्व और भारत के प्रबंध निदेशक अजय मित्रा ने कहा कि देश में इस वर्ष सोने की अब तक की सबसे अधिक खपत हुई है। उन्होंने कहा कि 2011 में भी सोने की खपत अधिक होगी। उन्होंने कहा कि जनवरी में देश में 85 टन सोने की खपत हुई जो 2010 की जनवरी में हुई खपत से अधिक है। इसे देखते हुए कहा जा सकता है कि 2011 में भी सोने की खपत में वृद्धि होगी। सोने की कीमत अभी 20,700 रुपये प्रति 10 ग्राम है। मित्रा ने कहा कि सोने की ऊंची कीमत के बाद भी जिस तरह से भारतीय उपभोक्ताओं ने इसकी खरीद में रुचि दिखाई है उसे देखते हुए कहा जा सकता है कि इस साल के बजट में सोने पर आयात शुल्क लगाया जा सकता है। साल 2010 में देश में 918 टन सोने का आयात किया गया, जो अब तक का रिकार्ड है।