Borderline Personality disorder : बॉर्डरलाइन पर्सनैलिटी डिसऑर्डर (बीपीडी-BPD) एक प्रकार का व्यक्तित्व विकार है जिसमें व्यक्ति को अपनी भावनाओं को मैनेज करने में कठिनाई होती है. इसमें अक्सर सेल्फ इमेज इश्यू, अलग-अलग मूड और व्यवहार में बदलाव शामिल होते हैं. इसके अलावा, इनमें असुरक्षा की भावना भी पैदा हो सकती है. और क्या लक्षण होते हैं बॉर्डरलाइन पर्सनैलिटी डिसऑर्डर के डिटेल में आपको इस आर्टिकल में बताते हैं. अपनाएं ये 4 हार्ड रूल, तभी लगेगी मोटापे पर लगाम, 10 किलो वजन घटेगा आसानी से
बॉर्डरलाइन पर्सनैलिटी डिसऑर्डर के लक्षण
1-बॉर्डरलाइन पर्सनैलिटी डिसऑर्डर हमारे सोचने समझने की क्षमता को कमजोर कर देता है. यही नहीं बीपीडी में आप खुद से प्यार करना ही छोड़ देते हैं. इस व्यक्तित्व विकार में व्यक्ति को अपने आप में बहुत कमियां नजर आती हैं. कभी-कभी भावनाओं पर नियंत्रण भी खो बैठते हैं इससे पीड़ित लोग.
2- मानसिक रोग से पीड़ित व्यक्ति को हमेशा यह डर सताता है कि उन्हें छोड़ न दे कोई. ऐसे व्यक्ति अकेले रहना बिल्कुल पसंद नहीं करते हैं. इनके इस स्वभाव के कारण ज्यादातर लोग इनसे खुद दूरी बना लेते हैं.
3- बता दें कि इस बॉर्डरलाइन पर्सनैलिटी डिसऑर्डर में आपके विचार तेजी से बदलते हैं. अपने विचारों में लगातार फंसे रहते हैं. यही कारण है कि ये दोस्त और नौकरी बहुत जल्दी बदल देते हैं. इससे पीड़ित व्यक्ति अपने आपको नुकसान भी पहुंचाते हैं. ऐसे व्यक्ति खराब आदतों के शिकार भी हो जाते हैं जैसे नशीले पदार्थ, फिजूलखर्ची, झगड़ा बात-बात पर कर लेना.
(अस्वीकरण: सलाह सहित यह सामग्री केवल सामान्य जानकारी प्रदान करती है. यह किसी भी तरह से योग्य चिकित्सा राय का विकल्प नहीं है. अधिक जानकारी के लिए हमेशा किसी विशेषज्ञ या अपने चिकित्सक से परामर्श करें. एनडीटीवी इस जानकारी के लिए ज़िम्मेदारी का दावा नहीं करता है.)