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45 के हैं और नौकरी ढूंढ़ रहे हैं, स्‍टडी में चला पता- AI को लगता है आपकी उम्र हो चुकी है...

आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) प्राइवेट कंपनियों में भर्ती प्रक्रिया का अहम हिस्सा बन रहा है. कंपनियां रिज्यूमे छांटने, उम्मीदवारों का मूल्यांकन करने और इंटरव्यू प्रक्रिया को तेज करने के लिए AI टूल्स का इस्तेमाल कर रही हैं.

45 के हैं और नौकरी ढूंढ़ रहे हैं, स्‍टडी में चला पता- AI को लगता है आपकी उम्र हो चुकी है...

आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) प्राइवेट कंपनियों में भर्ती प्रक्रिया का अहम हिस्सा बन रहा है. कंपनियां रिज्यूमे छांटने, उम्मीदवारों का मूल्यांकन करने और इंटरव्यू प्रक्रिया को तेज करने के लिए AI टूल्स का इस्तेमाल कर रही हैं. लेकिन एक हालिया अध्ययन में ये बात सामने आई है कि अगर एआई के सामने किसी ऐसे व्‍यक्ति का रिज्‍यूमे आए, जिसकी उम्र 45 साल या उससे अधिक हो, तो उन लोगों के प्रति एआई पक्षपातपूर्ण (Biased) रवैया दिखा सकता है, जिससे अनुभवी लोगों के लिए नौकरी पाना मुश्किल हो सकता है. 

शोध में क्‍या आया सामने 

मेलबर्न यूनिव‍र्सिटी के शोधकर्ताओं ने ChatGPT जैसे बड़े भाषा मॉडल (LLM) का परीक्षण किया. जब AI से पूछा गया कि तकनीकी क्षेत्र में 'उत्साह और नए विचारों' वाले कर्मचारियों की भर्ती के लिए किस आयु वर्ग को प्राथमिकता दी जानी चाहिए, तो उसने मुख्य रूप से 21 से 45 वर्ष के लोगों का सुझाव दिया. 45 वर्ष से अधिक आयु के उम्मीदवारों का उल्लेख तक नहीं किया गया. 

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इतना ही नहीं, AI द्वारा तैयार किए गए नौकरी विज्ञापनों में फास्ट-मूविंग, फ्रेश पर्सपेक्टिव और फेल फास्ट जैसे शब्दों का इस्तेमाल किया गया. विशेषज्ञों का मानना है कि ऐसे शब्द अप्रत्यक्ष रूप से बड़े उम्र के उम्मीदवारों को यह संकेत दे सकते हैं कि यह नौकरी उनके लिए नहीं है. 

कैसे भेदभाव कर सकता है AI 

विशेषज्ञों का कहना है कि AI खुद से भेदभाव नहीं सीखता, बल्कि उसे जिस डेटा पर प्रशिक्षित किया जाता है, उसी के आधार पर निर्णय लेता है. यदि प्रशिक्षण डेटा में पहले से मौजूद सामाजिक पूर्वाग्रह शामिल हैं, तो AI भी उन्हें दोहराने लगता है. इसी वजह से पहले भी AI सिस्टम में नस्लीय, लैंगिक और अन्य प्रकार के पक्षपात पाए जा चुके हैं. अब उम्र से जुड़ा पक्षपात भी सामने आ रहा है.  

यह समस्या इसलिए भी गंभीर है क्योंकि दुनिया भर में कंपनियां तेजी से AI आधारित भर्ती प्रणालियों को अपना रही हैं. कुछ शोध बताते हैं कि AI स्क्रीनिंग सिस्टम उम्मीदवारों के चयन को प्रभावित कर सकते हैं और कभी-कभी योग्य उम्मीदवारों को भी नजरअंदाज कर सकते हैं. 

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क्‍या करें 45 साल और उससे अधिक उम्र के लोग 

विशेषज्ञ सलाह देते हैं कि नौकरी तलाशने वाले लोग अपने रिज्यूमे को अपडेट रखें, नई तकनीकों और AI टूल्स की जानकारी हासिल करें तथा अपने अनुभव को प्रदर्शित करें. साथ ही कंपनियों को भी यह सुनिश्चित करना चाहिए कि उनकी AI आधारित भर्ती प्रणाली निष्पक्ष और पारदर्शी हो. 

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