खास बातें
- मुखर्जी ने कहा कि मौजूदा कारोबारी साल में कर वसूली के चुनौतीपूर्ण लक्ष्य को हासिल करने के लिए लगातार और रणनीतिक प्रयास करने होंगे।
नई दिल्ली: केंद्रीय वित्त मंत्री प्रणब मुखर्जी ने बुधवार को कहा कि मौजूदा कारोबारी साल में कर वसूली के चुनौतीपूर्ण लक्ष्य को हासिल करने के लिए लगातार और रणनीतिक प्रयास करने होंगे। मुखर्जी ने उत्पाद शुल्क और सीमा शुल्क के केंदीय बोर्ड के अधिकारियों से कहा कि 2011-12 में 3,92,908 करोड़ रुपये के अप्रत्यक्ष कर वसूली का चुनौतीपूर्ण लक्ष्य हासिल करने के लिए वे पूरे साल लगातार और रणनीतिक कोशिश करें। मुखर्जी उत्पाद शुल्क और सीमा शुल्क के केंद्रीय बोर्ड के मुख्य आयुक्तों और महानिदेशकों के सलाना सम्मेलन को सम्बोधित कर रहे थे। उन्होंने कर से सम्बंधित मुकदमों को कम-से-कम रखने पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि सरकार ने एक समिति द्वारा विभिन्न न्यायाधिकरणों के समक्ष अपील करने के लिए अधिकतम राशि पर सीमा लगाए जाने का सुझाव स्वीकार कर लिया है। उन्होंने कहा कि इससे कर सम्बंधी मुकदमों में एक चौथाई तक कमी आएगी। वित्तीय क्षेत्र में सुधार के बारे में उन्होंने कहा कि भारतीय रिजर्व बैंक निजी क्षेत्र की अन्य कम्पनियों को बैंकिंग लाइसेंस देने की प्रक्रिया पर काम कर रही है। उन्होंने कहा कि विदेशी निवेश की नीति को और उदार बनाने पर विचार किया जा रहा है।