यह ख़बर 07 अक्टूबर, 2013 को प्रकाशित हुई थी

रिजर्व बैंक ने नकदी बढ़ाने के लिए और ढीली छोड़ी मुट्ठी

खास बातें

  • केन्द्रीय बैंक ने बैंकों को तात्कालिक जरूरत को पूरा करने के लिये सीमांत स्थायी सुविधा (एमएसएफ) के तहत दिए जाने वाले उधार पर ब्याज दर 0.5 प्रतिशत और कम कर दी है। इसे 9.5 प्रतिशत से घटाकर नौ प्रतिशत कर दिया गया है।
मुंबई:

रिजर्व बैंक ने बैंकिंग तंत्र में नकदी की उपलब्धता बढ़ाने के लिए मुट्ठी कुछ और ढीली की है।

केन्द्रीय बैंक ने बैंकों को तात्कालिक जरूरत को पूरा करने के लिये सीमांत स्थायी सुविधा (एमएसएफ) के तहत दिए जाने वाले उधार पर ब्याज दर 0.5 प्रतिशत और कम कर दी है। इसे 9.5 प्रतिशत से घटाकर नौ प्रतिशत कर दिया गया है।

Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com

रिजर्व बैंक ने कहा ‘सीमांत स्थायी सुविधा की दर को 0.50 प्रतिशत घटाकर 9.5 प्रतिशत से नौ प्रतिशत करने का फैसला किया गया है। यह कटौती तुरंत प्रभाव से लागू हो जाएगी।’