खास बातें
- आम भारतीय परिवार की आमदनी में इजाफे के साथ ही देश के हिल स्टेशनों का रीयल एस्टेट गंतव्य के रूप में आकर्षण बढ़ता जा रहा है।
बेंगलुरु: आम भारतीय परिवार की आमदनी में इजाफे के साथ ही देश के हिल स्टेशनों का रीयल एस्टेट गंतव्य के रूप में आकर्षण बढ़ता जा रहा है। एक सर्वेक्षण में यह बात कही गई है। सर्वेक्षण में बताया गया है कि जहां बहुत से भारतीय हिल स्टेशनों पर सिर्फ छुट्टियां बिताने के लिए घर चाहते हैं, वहीं अन्य वहां अपना दूसरा घर बनाना चाहते हैं, जिससे वे वहां कभी भी आ जा सकें। हालांकि यह चाहत अभी शुरुआती अवस्था में ही है, पर भारतीय घर के खरीदारों में इसमें तेजी से इजाफा हो रहा है। यह सर्वेक्षण वेबसाइट मकान डॉट कॉम पर 1 जून से 23 जून के बीच किया गया। इसमें 4,800 लोग शामिल हुए, जिनमें अधिकांश की उम्र 26 से 35 साल थी। सर्वेक्षण के नतीजों के अनुसार, भारतीय हिल स्टेशन संभावित आवासीय विकल्प के रूप में उभर रहे हैं। सर्वेक्षण में कहा गया है कि अब वे दिन हवा हुए जब लोग पहाड़ों पर घर निवेश के लिए खरीदना चाहते थे। आज लोग इन स्थानों पर मकान इसलिए चाहते हैं, जिससे वे भविष्य में वहां जाकर रह सकें। 37 प्रतिशत लोगों का कहना था कि वे पहाड़ों पर घर खुद के लिए खरीदना चाहते हैं, जहां इसका इस्तेमाल वे अभी करें या भविष्य में। करीब 29 प्रतिशत लोगों का कहना था कि वे वहां घर छुट्टियां या साप्ताहिक अवकाश के लिए खरीदना चाहते हैं। सिर्फ 21 फीसदी लोगों का कहना था कि वे हिल स्टेशन पर घर निवेश के लिए खरीदना चाहते हैं। वहीं 14 प्रतिशत की राय थी कि वे वहां मकान इसलिए चाहते हैं, जिससे सेवानिवृत्त होने के बाद वहां रह सकें। विभिन्न शहरों में दिल्ली के 37 फीसदी लोगों का कहना था कि वे हिल स्टेशन पर मकान इसलिए चाहते हैं, ताकि शहरी जीवन से कुछ समय निकालकर वहां समय बिता सकें।