अमिताभ बच्चन की अमर अकबर एंथनी सुपरहिट फिल्म है जो 27 मई 1977 को रिलीज हुई थी. फिल्म ने 49 साल पूरे कर लिए हैं. लगभग पांच दशक बाद भी इसकी लोकप्रियता में कोई कमी नहीं आई. बिग बी के फैन ही नहीं, बल्कि सिने प्रेमी भी इसके गाने और कहानी को भूल नहीं पाते. फिल्म का निर्देशन मनमोहन देसाई ने किया था. अमर अकबर एंथनी आज भी बॉलीवुड की सबसे लोकप्रिय मसाला एंटरटेनर्स में शुमार है. फिल्म में अमिताभ बच्चन, विनोद खन्ना, ऋषि कपूर, नीतू सिंह, परवीन बाबी और शबाना आजमी की शानदार कास्ट, धमाकेदार म्यूजिक और धार्मिक सद्भाव का संदेश है. लेकिन इस क्लासिक फिल्म में 3 ऐसी गलतियां जिन्हें जानकर आपके चेहरे पर मुस्कान दौड़ जाएगी. आइए एक नजर डालते हैं.
पहली गलती
फिल्म के शुरुआती हिस्से में ऋषि कपूर के किरदार अकबर इलाहाबादी और नीतू सिंह के किरदार डॉक्टर सलमा अली के बीच इंट्रोडक्शन सीन है. अकबर अस्पताल में डॉक्टर सलमा से अपनी जांच कराने आता है. इसी सीन में ऋषि कपूर अचानक नीतू सिंह को 'नीतू' नाम से पुकार बैठते हैं, जबकि उनका किरदार डॉक्टर सलमा अली है. फिल्म में कहीं भी सलमा का नाम 'नीतू' नहीं है.
दूसरी गलती
इस फिल्म की सबसे मजेदार गलती यह है कि एक ही साथ तीन भाइयों का अपनी मां को खून चढ़ाना है. 'अमर अकबर एंथनी' का एक सीन है जिसमें विनोद खन्ना, अमिताभ बच्चन और ऋषि कपूर मां निरूपा रॉय को खून चढ़ाते हैं. जो किसी भी तरह से तर्कसंगत नहीं है. लेकिन मनमोहन देसाई की फिल्म है, इसमें कुछ भी हो सकता है.

तीसरी गलती
अमर अकबर एंथनी में तीसरी गलती बहुत ही मजेदार है. अगर महिला प्रेग्नेंट होती है तो उसकी प्रेग्नेंसी का पता कुछ लक्षणों और अल्ट्रासाउंड के जरिये लगाया जाता है. लेकिन इसमें एक सीन है जिसमे नीतू सिंह परवीन बाबी प्रेग्नेंट है या नहीं, इसका पता लगाने के लिए उनकी नब्ज टटोलती है. है ना मजेदार.
मनमोहन देसाई कभी लॉजिक की परवाह नहीं करते थे: अमिताभ बच्चन
मनमोहन देसाई थे कमाल-धमाल डायरेक्टर
मनमोहन देसाई फुल मसाला फिल्में बनाते थे, ये तो हर कोई जानता है. जब कौन बनेगा करोड़ पति में नीत कपूर और रणबीर कपूर बतौर गेस्ट आए थे. उस इस दौरान उन्होंने अमर अकबर एंथनी फिल्म के बारे में बात की थी और कहा था कि मनमोहन देसाई कभी लॉजिक की परवाह नहीं करते थे. मुझे उस समय बहुत हंसी थी आई थी जब तीनों बेटों का एक बेटे को खून देने वाला सीन फिल्माया जा रहा था.
फिल्म की विरासत
'अमर अकबर एंथनी' का बजट लगभग एक करोड़ रुपये बताया जाता है जबकि फिल्म ने बॉक्स ऑफिस पर 15.5 करोड़ रुपये का कलेक्शन किया था. इस तरह से फिल्म ब्लॉकबस्टर ही थी. फिल्म का सॉन्ह 'माई नेम इज एंथनी गोंजाल्वेस' आज भी आइकॉनिक है. लक्ष्मीकांत-प्यारेलाल का संगीत, आनंद बक्षी के बोल और मनमोहन देसाई का निर्देशन सब कुछ शानदार था.
NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं