- नेपाल के पूर्व प्रधानमंत्री के. पी. शर्मा ओली और पूर्व गृह मंत्री की न्यायिक हिरासत पांच दिन और बढ़ाई गई है
- काठमांडू की जिला अदालत ने ‘जेन जेड आंदोलन में दोनों नेताओं की कथित संलिप्तता की जांच के लिए समय मांगा है
- ‘जेन जेड आंदोलन के दौरान हुई कार्रवाई में 76 लोगों की मौत हुई थी, जिसमें कई युवा भी शामिल थे
नेपाल के पूर्व प्रधानमंत्री के. पी. शर्मा ओली और पूर्व गृह मंत्री रमेश लेखक पांच और दिन न्यायिक हिरासत में रहेंगे. दरअसल, काठमांडू की एक जिला अदालत ने पिछले साल सितंबर में हुए ‘जेन जेड' आंदोलन के खिलाफ कार्रवाई में दोनों नेताओं की कथित संलिप्तता की जांच के लिए पुलिस द्वारा और समय मांगे जाने के बाद उनकी हिरासत की अवधि बढ़ाने की मंजूरी दे दी है
.76 लोग मारे गए थे
अदालत के अधिकारियों ने बताया कि रिमांड की पिछली अवधि समाप्त होने के बाद जांचकर्ताओं द्वारा और समय मांगे जाने पर काठमांडू जिला अदालत ने हिरासत बढ़ाने की मंजूरी दे दी. नेपाल कम्युनिस्ट पार्टी (एकीकृत मार्क्सवादी-लेनिनवादी) के अध्यक्ष ओली और लेखक को पिछले साल आठ और नौ सितंबर के ‘जेन जेड' आंदोलन को दबाने में संलिप्तता के आरोप में 28 मार्च को गिरफ्तार किया गया था. इस कार्रवाई में करीब 24 युवाओं सहित 76 लोग मारे गए थे.
रविवार को सुनवाई पूरी नहीं हो पाई
इस बीच उच्चतम न्यायालय दोनों नेताओं की रिहाई का अनुरोध करने वाली दो रिट याचिकाओं पर सुनवाई सोमवार को जारी रखेगा, क्योंकि इन पर रविवार को सुनवाई पूरी नहीं हो सकी. वरिष्ठ अधिवक्ता ललित बस्नेत ने ओली और लेखक की पैरवी करते हुए रविवार को कहा कि गौरी बहादुर कार्की की अगुवाई वाले जांच आयोग की ओर से सौंपी गई रिपोर्ट ‘‘पक्षपातपूर्ण'' है. उन्होंने दलील दी कि मंत्रिमंडल को किसी व्यक्ति की गिरफ्तारी के बारे में फैसला लेने का कोई अधिकार नहीं है.
कब हुए दोनों गिरफ्तार
‘जेन जेड' प्रदर्शनों की जांच के लिए सुशीला कार्की के नेतृत्व वाली अंतरिम सरकार द्वारा गठित जांच आयोग ने लोगों की मौत के लिए ओली और लेखक को जिम्मेदार ठहराते हुए उनके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की सिफारिश की थी.ओली (75) विभिन्न बीमारियों से पीड़ित होने के कारण इस समय त्रिभुवन विश्वविद्यालय शिक्षण अस्पताल में भर्ती हैं. पुलिस इस मामले में अस्पताल से ही उनका बयान दर्ज कर रही है जबकि 62 वर्षीय लेखक का बयान पुलिस हिरासत में दर्ज किया जा रहा है. देश की नवनिर्मित बालेंद्र शाह सरकार ने ‘जेन जेड' प्रदर्शनों को लेकर जांच आयोग की रिपोर्ट को अपनी पहली मंत्रिमंडल बैठक में लागू करने का फैसला किया था, जिसके बाद दोनों नेताओं को गिरफ्तार किया गया.
ये भी पढ़ें-
पायलट बचाने में अमेरिका के 5 कमांडो मारे गए? जानिए ईरान ने ऑपरेशन को क्यों फेल बताया
फ्रांस के नागरिक को चीन ने दे दी फांसी, 16 साल पुराने केस की सजा टाइमिंग में है बड़ा मैसेज
युद्ध की तैयारी? जर्मनी में अब पुरुषों को लंबी विदेश यात्राओं की सूचना सेना को देनी होगी
भारत ने सात साल में पहली बार ईरान से तेल खरीदा, अब पेमेंट में भी नहीं है प्रॉब्लम
ईरान-अमेरिका की दुश्मनी: कितनी गहरी, कितनी पुरानी, महज एक फैसले ने बनाया जानी दुश्मन
F-15E फाइटर जेट में सवार अमेरिकी ईरान में पकड़ा गया तो 1979 वाला हाल होगा या 2016 वाला
भारत को लेकर पाकिस्तानी रक्षा मंत्री के इस डर का कारण क्या है, क्या कुछ हुआ है या होने वाला है













