टीएमसी विवाद पर चुनाव आयोग ने बड़ा फैसला सुनाया है. आयोग ने टीएमसी का नाम और चुनाव चिह्न फिलहाल फ्रीज कर दिया है. नंदीग्राम और राजनगर विधानसभा सीटों पर 6 अक्टूबर को होने वाले उपचुनाव में दोनों गुट टीएमसी के नाम और उसके मौजूदा चुनाव चिह्न का इस्तेमाल नहीं कर सकेंगे. चुनाव आयोग का यह आदेश ममता बनर्जी गुट और अरूप गुट दोनों पर लागू होगा. अब उपचुनाव लड़ने के लिए दोनों गुटों को अलग-अलग नया नाम और नया चुनाव चिह्न चुनना होगा. आयोग के फैसले के बाद दोनों पक्ष आगामी चुनावी रणनीति बनाने में जुट गए हैं.