
जो लोग गूगल ग्लास की विफलता की घोषणा करते फिर रहे हैं, वे जल्द ही इसके बारे में यह बताते फिरेंगे कि यह उपकरण ऑटिज्म से पीड़ित बच्चों के सामाजिक कौशल को बेहतर बनाने में मदद करता है. कैम्ब्रिज, मैसाचुसेट्स मुख्यालय वाली कंपनी ने ऑटिज्म से पीड़ित बच्चों के लिए एक ऐसी प्रणाली विकसित की है, जो गूगल ग्लास पर चलता है, जिसमें गूगल का नया जारी किया गया ग्लास एंटरप्राइज एडिशन भी शामिल है. इससे खासतौर पर उन बच्चों की मदद हो पाएगी जो ऑटिज्म से पीड़ित हैं.
परिणाम काफी असरदार
न्यूसाइंस-आधारित ऑगमेटेंड रियलिटी ब्रेन पॉवर ने इस महीने की शुरुआत में 'एम्पॉवर मी' प्रणाली को लांच किया था. 'एम्पॉवर मी' प्रणाली एक डिजिटल कोच है, जो स्मार्टग्लास पर चलता है, यह ऑटिज्म से पीड़ित बच्चों और वयस्कों को सामाजिक और संज्ञानात्मक कौशल सिखाता है. कहा जा रहा है कि इसके परिणाम काफी असरदार साबित हो रहे हैं.
तरीका है काफी आसान
कंपनी ने कहा कि गूगल ग्लास प्लेटफार्म का प्रयोग इसलिए किया गया है, क्योंकि आमतौर पर किसी टैबलेट और फोन को झुक कर देखने की जरुरत होती है. लेकिन वेयरेबल प्लेटफार्म की मदद से लोग सिर उठाकर और अपने हाथों को मुक्त रखते हुए सामाजिक संपर्क बना सकते हैं. इससे उन्हें बिना किसी परेशानी के किसी से भी अपनी बात कहने में आसानी होगी.
ब्रेन पॉवर के मुख्य कार्यकारी अधिकारी नीड साहिन ने एक बयान में कहा, लोगों को सशक्त बनाना मेरा जुनून है. साहिन ने कहा, तकनीक को अक्सर लोगों को सामाजिक संपर्क से काट कर अलग करने के लिए दोष दिया जाता है. लेकिन मेरा लक्ष्य तकनीक और विज्ञान के प्रयोग से लोगों को पहले की तुलना में अधिक नजदीक लाना और उनके अद्वितीय दिमाग की शक्ति को खोलना है.
परिणाम काफी असरदार
न्यूसाइंस-आधारित ऑगमेटेंड रियलिटी ब्रेन पॉवर ने इस महीने की शुरुआत में 'एम्पॉवर मी' प्रणाली को लांच किया था. 'एम्पॉवर मी' प्रणाली एक डिजिटल कोच है, जो स्मार्टग्लास पर चलता है, यह ऑटिज्म से पीड़ित बच्चों और वयस्कों को सामाजिक और संज्ञानात्मक कौशल सिखाता है. कहा जा रहा है कि इसके परिणाम काफी असरदार साबित हो रहे हैं.
तरीका है काफी आसान
कंपनी ने कहा कि गूगल ग्लास प्लेटफार्म का प्रयोग इसलिए किया गया है, क्योंकि आमतौर पर किसी टैबलेट और फोन को झुक कर देखने की जरुरत होती है. लेकिन वेयरेबल प्लेटफार्म की मदद से लोग सिर उठाकर और अपने हाथों को मुक्त रखते हुए सामाजिक संपर्क बना सकते हैं. इससे उन्हें बिना किसी परेशानी के किसी से भी अपनी बात कहने में आसानी होगी.
ब्रेन पॉवर के मुख्य कार्यकारी अधिकारी नीड साहिन ने एक बयान में कहा, लोगों को सशक्त बनाना मेरा जुनून है. साहिन ने कहा, तकनीक को अक्सर लोगों को सामाजिक संपर्क से काट कर अलग करने के लिए दोष दिया जाता है. लेकिन मेरा लक्ष्य तकनीक और विज्ञान के प्रयोग से लोगों को पहले की तुलना में अधिक नजदीक लाना और उनके अद्वितीय दिमाग की शक्ति को खोलना है.
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