विज्ञापन

आकर्ण धनुरासन से बढ़ाएं तन और मन की शक्ति , जान लें इसे करने का सही तरीका और फायदे 

Aakarn Dhanurasana Karne Ke Fayde: आज की अनियमित दिनचर्या और गलत खानपान की वजह से शारीरिक और मानसिक समस्याएँ तेजी से बढ़ रही हैं. यदि योग को नियमित दिनचर्या का हिस्सा बना लिया जाए, तो इन समस्याओं से काफी हद तक बचा जा सकता है. इन्हीं लाभकारी योगासन में से एक है आकर्ण धनुरासन, जो शरीर और मन दोनों को मजबूत बनाता है.

आकर्ण धनुरासन से बढ़ाएं तन और मन की शक्ति , जान लें इसे करने का सही तरीका और फायदे 
Aakarn Dhanurasana Karne Ke Fayde
IANS

Aakarn Dhanurasana Karne Ke Fayde: आज की अनियमित दिनचर्या और गलत खानपान की वजह से शारीरिक और मानसिक समस्याएँ तेजी से बढ़ रही हैं. यदि योग को नियमित दिनचर्या का हिस्सा बना लिया जाए, तो इन समस्याओं से काफी हद तक बचा जा सकता है. इन्हीं लाभकारी योगासन में से एक है आकर्ण धनुरासन, जो शरीर और मन दोनों को मजबूत बनाता है. भारत सरकार के आयुष मंत्रालय ने आकर्ण धनुरासन को एक विशेष योग मुद्रा के रूप में मान्यता दी है. मंत्रालय के अनुसार, यह आसन केवल शारीरिक व्यायाम नहीं बल्कि शरीर में शक्ति, स्थिरता और संतुलन का संचार करता है. इसका नाम और मुद्रा साधक को एक लक्ष्य साधने वाले धनुर्धर जैसी स्थिरता और एकाग्रता प्रदान करती है.

आकर्ण धनुरासन क्या है और कैसे काम करता है? (Aakarn Dhanurasana kya hai aur kaise kaam karta hai)

आकर्ण धनुरासन योग की एक उन्नत मुद्रा है जिसमें शरीर धनुष की तरह खिंचता है और हाथ तीर छोड़ने की स्थिति का रूप लेते हैं. यह आसन शरीर को लचीलापन, मांसपेशियों की मजबूती और मानसिक एकाग्रता प्रदान करने में अत्यंत प्रभावी माना जाता है. नियमित अभ्यास से मन शांत रहता है और शरीर अधिक सक्षम बनता है.

आकर्ण धनुरासन करने का सही तरीका (Aakarn Dhanurasana karne ka sahi tarika)

एक्सपर्ट के अनुसार आकर्ण धनुरासन को इस प्रकार किया जाता है:

  1. सबसे पहले पेट के बल लेट जाएँ.
  2. दाएँ हाथ से दाएँ पैर के बड़े अंगूठे को पकड़ें और बाएँ हाथ से बाएँ पैर के अंगूठे को थामें.
  3. गहरी साँस लेते हुए दोनों पैरों को धीरे-धीरे ऊपर खींचें.
  4. उसी समय सिर और छाती को भी संभव सीमा तक ऊपर उठाएँ.
  5. शरीर इस अवस्था में धनुष के आकार में आ जाता है.
  6. इस मुद्रा को 15–30 सेकंड तक स्थिर रखें और सामान्य रूप से साँस लेते रहें.
  7. अंत में धीरे-धीरे पैर और सिर को नीचे रखें और आसन पूरा करें.
  8. इसी क्रिया को दोहराएँ.

आकर्ण धनुरासन करने से शरीर को कौन-कौन से फायदे होते हैं? (Aakarn Dhanurasana Karne Se Shareer ko kya-kya fayde milte hain)

इस आसन के नियमित अभ्यास से:

  1. पीठ, कंधे और छाती की मांसपेशियाँ मजबूत होती हैं.
  2. रीढ़ की हड्डी अधिक लचीली और स्वस्थ रहती है, जिससे पीठ दर्द में राहत मिलती है.
  3. पेट पर पड़े दबाव से पाचन क्रिया सुधरती है और कब्ज जैसी समस्याओं में कमी आती है.
  4. पैरों, जांघों और कूल्हों की मांसपेशियों में अच्छा खिंचाव आता है.
  5. संतुलन और शरीर का समन्वय सुधरता है.

Yeh Bhi Padhein: क्या डायबिटीज में दूध और दही खा सकते हैं? जानें खाने का सही तरीका, कब खाएं और कब नहीं?

आकर्ण धनुरासन करने के मानसिक फायदे? (Aakarn Dhanurasana Karne se hone wale mansik fayde)

आकर्ण धनुरासन केवल शारीरिक स्वास्थ्य नहीं, बल्कि मानसिक शांति भी प्रदान करता है. यह:

  1. मानसिक एकाग्रता बढ़ाता है.
  2. ध्यान की क्षमता मजबूत करता है.
  3. आत्मविश्वास बढ़ाता है.
  4. तनाव और बेचैनी को कम करता है.

किसे आकर्ण धनुरासन करना चाहिए और किसे नहीं? क्या कहते हैं एक्सपर्ट ( Kise Aakarn Dhanurasana Karna Chahiye Aur Kise Nahi Expert Se jaane

योग विशेषज्ञों के अनुसार:

  •  इस आसन की शुरुआत करने वाले लोग इस आसन को प्रशिक्षित योग गुरु की देखरेख में ही सीखें.
  • आसन के दौरान शरीर पर अत्यधिक दबाव न डालें.
  • किसी भी तरह की पीड़ा या खिंचाव महसूस होने पर तुरंत अभ्यास रोक दें.

Watch Video: ब्रेन ट्यूमर के शुरुआती लक्षण, कारण और इलाज | Brain Tumor In Hindi | Brain Tumor Ke Lakshan, Karan aur Ilaj

NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं

फॉलो करे:
Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com