विज्ञापन

NEET UG Counselling 2026: 19 अगस्त को आएगा Round 1 सीट अलॉटमेंट रिजल्ट, जानें इसके बाद क्या करना होगा

NEET UG Counselling 2026 Round 1 का सीट अलॉटमेंट रिजल्ट 19 अगस्त को जारी होगा. ऐसे में आइए जानते हैं चॉइस लॉकिंग की लास्ट डेट से लेकर फ्रीज-फ्लोट विकल्प और MCC के नए नियम.

NEET UG Counselling 2026: 19 अगस्त को आएगा Round 1 सीट अलॉटमेंट रिजल्ट, जानें इसके बाद क्या करना होगा
यदि किसी उम्मीदवार को पहले राउंड में सीट नहीं मिलती है तो वह अगले राउंड की काउंसलिंग में भाग लेने के लिए पात्र रहेगा.

मेडिकल काउंसलिंग कमेटी (MCC) ने NEET UG Counselling 2026 के पहले राउंड का रिवाइज्ड शेड्यूल जारी कर दिया है. नए शेड्यूल के अनुसार, Round 1 सीट अलॉटमेंट रिजल्ट 19 अगस्त 2026 को घोषित किया जाएगा. ऐसे में उम्मीदवार ऑफिशियल वेबसाइट mcc.nic.in पर जाकर अपना रिजल्ट देख सकेंगे. आइए जानते हैं चॉइस लॉकिंग की आखिरी तारीख, रिपोर्टिंग प्रोसेस, फ्रीज-फ्लोट ऑप्शन और MCC के नए नियम.

17 अगस्त तक करें चॉइस लॉकिंग

एमसीसी ने साफ किया है कि उम्मीदवारों को 17 अगस्त 2026 शाम 6 बजे तक अपनी पसंद (Choices) लॉक कर सकते हैं. ऐसे में जिन छात्रों ने अभी तक अपने पसंदीदा मेडिकल कॉलेज और कोर्स का चुनाव नहीं किया है, उन्हें निर्धारित समय के भीतर यह प्रोसेस पूरी करनी होगी.

बता दें कि NEET UG 2026 काउंसलिंग प्रोसेस की शुरुआत 5 अगस्त 2026 से हुई थी. काउंसलिंग में भाग लेने के लिए उम्मीदवारों को ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन करने के साथ निर्धारित शुल्क का भुगतान भी करना जरूरी है.  एमसीसी के अनुसार, केवल वही अभ्यर्थी आगे की काउंसलिंग में शामिल हो सकेंगे जिन्होंने समय से फीस जमा कर दी है.

कैसे भरें और लॉक करें चॉइस?

काउंसलिंग के दौरान उम्मीदवारों को अपनी पसंद के मेडिकल कॉलेज और कोर्स चुनने होते हैं. सभी ऑप्शन भरने के बाद उन्हें सेव और लॉक करना जरूरी है. तय समय-सीम के भीतर चॉइस लॉक नहीं करने पर परेशानी हो सकती है.

सीट अलॉटमेंट के बाद क्या होगा?

एमसीसी उम्मीदवारों की मेरिट और भरी गई प्राथमिकताओं के आधार पर सीटें अलॉट करेगा. 19 अगस्त को सीट अलॉटमेंट रिजल्ट जारी होने के बाद उम्मीदवारों को 20 अगस्त से 25 अगस्त 2026 के बीच अलॉटेड कॉलेज में रिपोर्ट करना होगा.

सीट नहीं मिली तो क्या करें?

अगर किसी स्टूडेंट को पहले राउंड में सीट नहीं मिलती है तो वह अगले राउंड की काउंसलिंग में भाग लेने के लिए योग्य होगा. वहीं, जिन्हें सीट अलॉट होगी, वे अपनी स्ट्रेटजी के अनुसार सीट को फ्रीज (Freeze) या फ्लोट (Float) कर सकेंगे.

एमसीसी के नए नियमों के अनुसार, अपग्रेडेशन (Upgradation) का ऑप्सन चुनने वाले उम्मीदवारों को फिजिकल रिपोर्टिंग करने की जरूरत नहीं होगी, जिससे छात्रों को काफी राहत मिलने की उम्मीद है.

यह भी पढ़ें-UGC NET Answer Key जारी, गलत जवाब मिलने पर क्या करें? जानें Challenge करने का पूरा तरीका

पूरी स्टोरी पढ़ें

NDTV.in पर ताज़ातरीन ख़बरों को ट्रैक करें, व देश के कोने-कोने से और दुनियाभर से न्यूज़ अपडेट पाएं

फॉलो करे:
Listen to the latest songs, only on JioSaavn.com