खास बातें
- मारुति सुजुकी इंडिया की जापानी मूल कंपनी सुजुकी मोटर कॉर्प ने मानेसर कारखाने में चल रहे श्रमिक गतिरोध पर चिंता और नाराजगी जताई है।
नई दिल्ली: मारुति सुजुकी इंडिया (एमएसआई) की जापानी मूल कंपनी सुजुकी मोटर कॉर्प ने मानेसर कारखाने में चल रहे श्रमिक गतिरोध पर चिंता और नाराजगी जताई है। मारुति सुजुकी इंडिया के चेयरमैन आरसी भार्गव ने कहा, सुजुकी ने यहां चल रही गतिविधियों पर चिंता जताई है। खासकर वह इस बात से नाखुश है कि श्रमिक समझौते करने के बाद अब मुकर रहे हैं। एमएसआई सुजुकी मोटर कॉर्प की सबसे बड़ी विदेशी इकाई है। 2010-11 में जापानी कंपनी की वैश्विक बिक्री 26.42 लाख इकाई रही, जिसमें एमएसआई का योगदान 11.33 लाख इकाई का रहा। यह पूछे जाने पर कि प्रबंधन इस मसले को सुलझाने के लिए क्या कर रहा है, भार्गव ने कहा, गेंद हमारे पाले में नहीं है। हम श्रमिकों से तभी बातचीत कर सकते हैं जब वे तैयार हों। अभी श्रमिकों से बात करना काफी मुश्किल है क्योंकि उन्होंने आक्रामक रुख अपनाया हुआ है। एमएसई के चेयरमैन ने कहा कि श्रमिकों को बाहरी तत्व बरगला रहे हैं। मुझे उम्मीद है कि उन्हें इसकी समझ आएगी। भार्गव ने कहा कि संयंत्र के भीतर स्थिति काफी अस्थिर है। संयंत्र में मशीनों की सुरक्षा के लिए पुलिस मौजूद है। भार्गव ने कहा कि कंपनी ने इस मसले का उचित समाधान निकालने के लिए हरियाणा सरकार से बात की है। मानेसर संयंत्र के कर्मचारी गत शुक्रवार को हड़ताल पर चले गए थे। वे मांग कर रहे थे कि 29 अगस्त से शुरू हुए गतिरोध के दौरान हटाए गए 1,000 अस्थायी कर्मचारियों तथा निलंबित किए गए 44 स्थायी कर्मचारियों को काम पर वापस लिया जाए।