मुंबई: महाराष्ट्र कैबिनेट की बैठक में मंगलवार को हुए एक एहम फैसले से किसानों को बड़ी राहत मिल सकती है। सरकार ने किसानों को फल और सब्जियां ग्राहक तक सीधे बेचने का रास्ता खोलने का फैसला लिया है। इससे पहले दिल्ली सरकार ऐसा फैसला ले चुकी है।
महाराष्ट्र के सहकारिता मंत्री चंद्रकांत पाटिल ने विश्वास जताया है कि इससे किसानों को अपने उत्पाद का सही दाम मिल सकेगा। जिस से उनकी आमदनी भी बढ़ेगी और विश्वास भी। पाटिल मुंबई में संवाददाताओं को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने बताया कि इस फैसले को अमल में लाने के लिए जरूरी कानूनी बदलाव किए जाएंगे।
मौजूदा हालात में किसानों को उनके उत्पाद बेचने के लिए APMC अर्थात सरकारी मंडी का ही सहारा होता है। यहां 7.5 से 10 प्रतिशत तक दलाली देने के बाद किसान को पैसे मिलते हैं। यह रकम बाजार मूल्य से काफी काम होती है। इसे ध्यान में रखते हुए केंद्र सरकार की पॉलिसी के तहत महाराष्ट्र सरकार ने किसानों को अपना माल खुले बाजार में बेचने की छूट देने का फैसला लिया है।
हालांकि, किसानों को सब्जियों को खुले बाजार में बेचने की छूट देने वाले इस फैसले से प्याज और आलू को अलग रखा गया है। महाराष्ट्र देश का सबसे बड़ा प्याज उत्पादक राज्य है।