खास बातें
- इससे निवेशकों को नकारात्मक रिटर्न मिला है। कोल इंडिया और एसएकेएस माइक्रोफिनांस समेत 61 कंपनियों ने 2010-11 में बाजार में दस्तक दीं।
मुंबई: चालू वित्त वर्ष में सूचीबद्ध होने वाली दो तिहाई कंपनियों का शेयर अपने निर्गम मूल्य से नीचे है। इससे निवेशकों को नकारात्मक रिटर्न मिला है। कोल इंडिया और एसएकेएस माइक्रोफिनांस समेत 61 कंपनियों ने 2010-11 में बाजार में दस्तक दीं। बंबई शेयर बाजार और नेशनल स्टाक एक्सचेंज के पास उपलब्ध आंकड़ों के अनुसार उनमें 40 से अधिक कंपनियां अब अपने निर्गम मूल्य से नीचे कारोबार कर रही हैं। केवल 20 कंपनियां ऐसी हैं जिनके शेयर निर्गम मूल्य के मुकाबले ऊपर हैं। रेलिगेयर सिक्योरिटीज के कार्यकारी उपाध्यक्ष प्रमुख :खुदरा अनुसंधान: राजेश जैन ने कहा, बाजार में सूचीबद्ध होने के बाद कई कंपनियां अपने निर्गम मूल्य के स्तर को बनाये रखने में असफल रहीं। इसका कारण उनकी कीमतों का ज्यादा होना है। उन्होंने कहा कि इसके अलावा निवेशक भी सतर्क हैं और अपने कोष लंबे समय तक एक जगह नहीं लगाये रखना चाहते। कुछ लाभ लेने के बाद वे अपने पोर्टफोलियो को बदल देते हैं। जिन कंपनियों ने नकरात्मक रिटर्न दिए उनमें एसकेएस माइक्रोफिनांस, गोयनका डायमंड्स, बजाज कार्प, इरोज इंटरनेशनल, सतलज जल विद्युत निगम लि., रामकी इंफ्रास्ट्रक्चर, कैंटाबिल रिटेल, सीटी नेटवर्क, जेपी इंफ्राटेक और ओरिएंट ग्रीन पावर शामिल हैं। इन कंपनियों के शेयरों ने 6 से 30 फीसद का नकारात्मक रिटर्न दिया है। जिन कंपनियों के शेयरों में तेजी हैं, उनमें फिनियोटेक्स केमिकल्स :220 फीसद:, ग्रैविटा इंडिया :179 प्रतिशत:, सी महेंद्रा एक्सपोर्ट्स :112 प्रतिशत: और महानंदा इंडस्ट्रीज :87 प्रतिशत: शामिल हैं। कोल इंडिया और मॉयल, सार्वजनिक क्षेत्र की इन कंपनियों ने भी निवेशकों को लाभ पहुंचाया है।