दिल्ली में साकेत एप्पल स्टोर
नई दिल्ली: Apple भारत में अपना पहला रिटेल स्टोर अगले सप्ताह से खोल रहा है, दो दशक पहले देश में प्रवेश करने वाली वैश्विक टेक दिग्गज ने मंगलवार को घोषणा की. मुंबई में Apple BKC स्टोर 18 अप्रैल को खुलेगा जबकि दिल्ली में Apple साकेत स्टोर 20 अप्रैल को ग्राहकों के लिए खुलेगा. इन स्टोर को खोलने के लिए टेक दिग्गज के प्रमुख टिम कुक भारत दौरे पर आ रहे हैं. खबरों के अनुसार वे मुंबई और दिल्ली में आयोजित होने वाले कार्यक्रमों की अध्यक्षता भी करेंगे. सूत्रों का कहना है कि दोनों स्टोर के उद्घाटन कार्यक्रमों के बीच टिम कुक की ओर से पीएम नरेंद्र मोदी से मुलाकात करने के लिए समय भी मांगा गया है.
Apple का मुंबई स्टोर सुबह 11 बजे और Apple दिल्ली आउटलेट ग्राहकों के लिए सुबह 10 बजे खुलेगा. अमेरिका की टेक दिग्गज ने 2020 में भारत में अपना पहला ऑनलाइन स्टोर लॉन्च किया था और जल्द ही इसके वास्तविक स्टोर लॉन्च करने वाले थे, लेकिन COVID महामारी के कारण योजना ठप हो गई थी.
आईफोन निर्माता के भारत में अब तक के पहले रिटेल आउटलेट देश में अमेरिकी कंपनी के महत्वपूर्ण विस्तार को बताते हैं. इससे ग्राहकों को बेहतर सेवाएं और उनके अनुभवों को Apple को सीधे समझने का मौका मिलेगा.
Apple ने एक बयान में कहा, "20 अप्रैल से, ग्राहक Apple के नवीनतम उत्पाद लाइनअप का पता लगाने के लिए स्टोर की टीम से व्यक्तिगत सेवा और समर्थन प्राप्त करने में सक्षम होंगे."
(फोटो : मुंबई में खुलने वाला एप्पल का स्टोर)
Apple भारत के इलेक्ट्रॉनिक्स बाजार के विकास का लाभ उठा रहा है और यहां अपने उत्पादों के निर्माण पर बहुत अधिक ध्यान केंद्रित कर रहा है.
वैश्विक लॉन्च के कुछ ही दिनों बाद Apple ने भारत में अपने नवीनतम iPhone 14 मॉडल का निर्माण शुरू कर दिया है. भारत में, यूएस टेक दिग्गज शीर्ष तीन वैश्विक स्मार्टफोन निर्माताओं -विस्ट्रोन, फॉक्सकॉन और पेगाट्रॉन के साथ साझेदारी कर रही है.
2017 में, Apple ने भारत में iPhones का निर्माण शुरू किया था. केंद्र सरकार द्वारा प्रोडक्शन लिंक्ड इंसेंटिव (पीएलआई) योजना ने देश में दुकान स्थापित करने के लिए Apple सहित कई गैजेट निर्माताओं को आकर्षित किया है.
सरकार ने 14 क्षेत्रों में उत्पादन से जुड़ी प्रोत्साहन (पीएलआई) योजनाएं शुरू की थीं जो भारतीय निर्माताओं को विश्व स्तर पर प्रतिस्पर्धी बनाएंगी, निवेश आकर्षित करेंगी, निर्यात बढ़ाएंगी, भारत को वैश्विक आपूर्ति श्रृंखला में एकीकृत करेंगी और आयात पर निर्भरता कम करेंगी.
(इनुपट PTI से)