खास बातें
- प्रणब मुखर्जी ने कहा कि अर्थव्यवस्था पर मुद्रास्फीतिक दबाव है भले ही खाद्य महंगाई में मामूली नरमी आई हो।
नई दिल्ली: वित्त मंत्री प्रणब मुखर्जी ने गुरुवार को कहा कि अर्थव्यवस्था पर मुद्रास्फीतिक दबाव है भले ही खाद्य महंगाई में मामूली नरमी आई हो। मुखर्जी ने कहा, प्रणाली में मुद्रास्फीति दबाव है और खाद्य मुद्रास्फीति आंकड़ों में साप्ताहिक घटबढ़ की मुख्य वजह आधार प्रभाव है। सब्जियों, दालों तथा आलू के भावों में नरमी के कारण खाद्य मुद्रास्फीति 25 जून को समाप्त सप्ताह में घटकर 7.61 प्रतिशत रह गई जो सात हफ्ते का निचला स्तर है। थोक मूल्य सूचकांक आधारित खाद्य मुद्रास्फीति पूर्व सप्ताह में 7.78 प्रतिशत, जबकि जून, 2010 की समान अवधि में लगभग 20 प्रतिशत थी। हालांकि आलोच्य सप्ताह में ईंधन सूचकांक 160.2 से बढ़कर 166.3 हो गया। मुखर्जी ने कहा, छह अंक की यह वृद्धि मुख्य रूप से डीजल, केरोसिन व रसोई गैस कीमतों में वृद्धि के कारण है। उन्होंने कहा कि जून में कुल मुद्रास्फीति कुछ उंची रह सकती है, जो मई में 9.06 प्रतिशत थी।