खास बातें
- चंदोलिया के वकील ने कहा कि बोफोर्स सौदा घोटाला के प्रकाश में आने के बाद शुरू में काफी हायतौबा मचाई गई थी, लेकिन यह अपनी ही मौत मर गया।
नई दिल्ली: जेल में बंद पूर्व केंद्रीय दूरसंचार मंत्री ए. राजा के पूर्व निजी सचिव आरके चंदोलिया ने शनिवार को केंद्रीय जांच ब्यूरो (सीबीआई) की विशेष अदालत में 2जी घोटाला मामले में कहा कि यह घोटाला 1980 के दशक के मध्य के बोफोर्स तोप सौदा घोटला की तरह अपनी ही मौत मर जाएगा। चंदोलिया के वकील ने कहा कि बोफोर्स तोप सौदा घोटाला के प्रकाश में आने के बाद शुरू में काफी हायतौबा मचाई गई थी, लेकिन यह घोटाला अपनी ही मौत मर गया। चंदोलिया के वकील ने सीबीआई के विशेष न्यायाधीश ओपी सैनी से कहा कि यही हश्र 2जी घोटाला का भी होगा। उन्होंने कहा कि जांच एजेंसी ने उनके सामने गवाह या आरोपी में से एक बनने का विकल्प रखा था। खुद के बचाव में चंदोलिया ने कहा कि वह इस मामले में फैसला लेने वाला अधिकारी नहीं था। चंदोलिया ने कहा, "मैं अपने मंत्री की सेवा कर रहा था। क्या एक सेवक अपने स्वामी से यह पूछ सकता है कि उसने क्या फैसला किया है। उनका फैसला सही था या गलत इसका मुझसे कोई सम्बंध नहीं है। मैं तो शतरंज का सिर्फ एक मोहरा था। मैं सीबीआई को चुनौती देता हूं। वह किसी भी दस्तावेज पर मेरा एक भी हस्ताक्षर दिखा दे। दस्तावेजों पर कई लोगों के हस्ताक्षर हैं, लेकिन सीबीआई ने उन्हें नहीं बुलाया है।" चंदोलिया के वकील ने कहा, "मैं एक ऐसे बच्चे की तरह हूं, जिसे एक थैला किसी को देने के लिए कहा गया है। मैंने वही काम किया। इसमें क्या गलती है। मुझे क्यों आरोपी बनाया जा रहा है।" उन्होंने कहा, "मैंने सिर्फ सिर्फ मंत्री (राजा) के आदेश का पालन किया है।" उन्होंने कहा, "सीबीआई यह साबित करे कि मैंने स्वान (टेलीकॉम) और यूनीटेक (वायरलेस) को लाभ पहुंचाने के लिए कहां दस्तावेजों में हेरफेर की है।" उन्होंने कहा कि दिल्ली सर्किल में स्वान को इसलिए तरजीह दी गई क्योंकि आइडिया और स्पाइस के विलय के कारण वे योग्य नहीं थे। उन्होंने कहा कि दो फरवरी को चंदोलिया की गिरफ्तारी अवैध थी, क्योंकि जनवरी-फरवरी में गवाह के दर्ज किए गए बयान में उनकी मिलीभगत की बात कहीं नहीं की गई थी। उन्होंने कहा कि उनका नाम सिर्फ मार्च में सामने आया। उन्होंने कहा कि ऐसा कैसे हो सकता है कि एक ही गवाह दो अलग-अलग बयान दे। चंदोलिया ने कहा, "सीबीआई ने पूर्वाग्रह के कारण आरोप पत्र में उनका नाम शामिल किया है।" उन्होंने कहा कि सीबीआई ने सरकार को 30 हजार करोड़ रुपये के नुकसान की बात कही है, लेकिन यह नहीं कहा कि उसके कारण कितना नुकसान हुआ। चंदोलिया फिलहाल तिहाड़ जेल में बंद हैं। उनके साथ 2जी मामले के 13 अन्य आरोपी भी वहां बंद हैं। स्वान टेलीकॉम के मालिक शाहिद उस्मान बलवा सोमवार को इस मामले में अपना पक्ष रखेंगे।