मुंबई: सरकारी साइबर सुरक्षा संस्थान सीईआरटी-इन की निदेशक तूलिका पांडे का कहना है कि लोगों को फेसबुक व गूगल जैसी कंपनियों की सेवाएं लेने से नहीं रोका सकता और उनके हितों की रक्षा का एकमात्र उपाय यही है कि ये कंपनियां सूचनाओं या डेटा का भंडारण स्थानीय स्तर पर करें. कंप्यूटर इमरजेंसी रेस्पोंस टीम (सीईआरटी इन) की निदेशक तूलिका पांडे ने एक कार्यक्रम में यह बात कही. उन्होंने कहा, हम फेसबुक या गूगल या ऐसी कंपनियों के भारत में आने पर नियंत्रण या रोक नहीं लगा सकते.
साथ ही नागरिकों को यह भी नहीं कहा जा सकता कि हमारे पास उनकी उन व्यक्तिगत सूचनाओं की सुरक्षा के लिए पर्याप्त प्रणालियां नहीं हैं जो वे इन साइटों पर खुशी खुशी साझा करते हैं.
उन्होंने कहा, ‘सरकारों के लिए यह बहुत प्रासंगिक हो गया है कि वे अपने नागरिकों के डेटा की किसी भी तरह रक्षा के लिए कम से कम उचित प्रणालियां व नियम बनाएं.’ उल्लेखनीय है कि डेटा लीक प्रकरण के चलते दुनिया की प्रमुख सोशल मीडिया वेबसाइट फेसबुक की हाल ही में काफी किरकिरी हुई है.