खास बातें
- भारत में कथित तौर पर अश्लील एवं आपत्तिजनक सामग्री परोसने को लेकर विवादों में आई गूगल ने स्पष्ट किया कि उसके लिए अपनी वेबसाइट पर सभी चीजों की निगरानी करना संभव नहीं है।
दावोस: भारत में कथित तौर पर अश्लील एवं आपत्तिजनक सामग्री परोसने को लेकर विवादों में आई गूगल ने गुरुवार को स्पष्ट किया कि उसके लिए अपनी वेबसाइट पर सभी चीजों की निगरानी करना संभव नहीं है।
गूगल और फेसबुक उन 21 कंपनियों में शामिल हैं जिनके अधिकारियों को दिल्ली में एक अदालत में 13 मार्च को व्यक्तिगत तौर पर उपस्थित होने को कहा गया है।
गूगल के मुख्य कारोबारी अधिकारी निकेश अरोड़ा ने कहा, ‘‘ मुझे उम्मीद है कि इस मुद्दे पर एक संतुलित बहस होगी और अंतत: सही चीज निकलकर सामने आएगी।’’ कंपनियों ने इस सम्मन को उच्च न्यायालय में चुनौती दी है। मामले पर अगली सुनवाई 2 फरवरी को होनी है।
यहां विश्व आर्थिक मंच के दौरान एक निजी टीवी चैनल के साथ भेंटवार्ता में अरोड़ा ने कहा, ‘‘ हम वेबसाइट पर सामग्री कांट.छांट नहीं सकते। हम लोगों की दुनिया में अभिव्यक्ति की क्षमता पर अंकुश नहीं लगा सकते।’’