खास बातें
- वैश्विक औसत 46 प्रतिशत से अधिक है
- सर्वे में 17 देशों के 18,207 लोगों को शामिल किया गया
- जिन लोगों ने बचत शुरू की उन्होंने भी रोक दी है
मुंबई: सेवानिवृत्ति के बाद वित्तीय सुरक्षा को अहम माना जाता है, लेकिन एक रिपोर्ट में खुलासा हुआ है कि भारत में काम करने वाले 47 प्रतिशत लोगों ने अपने भविष्य के लिए बचत करना शुरू नहीं किया है। या उन्होंने बचत रोक दी है अथवा उन्हें बचत में मुश्किलों का सामना करना पड़ रहा है।
एचएसबीसी की रिपोर्ट के अनुसार, 'भारत में कार्यशील लोगों में 47 प्रतिशत लोगों ने अपनी सेवानिवृत्ति के लिए या तो बचत शुरू नहीं की है या फिर बंद कर दिया अथवा अपने भविष्य के लिए बचत में उन्हें मुश्किलें आ रही है। यह वैश्विक औसत 46 प्रतिशत से अधिक है।'
यह सर्वे ऑनलाइन इपसोस मोरी ने सितंबर और अक्टूबर 2015 में किया। इसमें 17 देशों के 18,207 लोगों को शामिल किया गया। इसमें अर्जेन्टीना, ऑस्ट्रेलिया, ब्राजील, कनाडा, चीन, मिस्र, फ्रांस, हांगकांग, भारत, इंडोनेशिया, मलेशिया, मेक्सिको, सिंगापुर, ताइवान, संयुक्त अरब अमीरात, ब्रिटेन तथा अमेरिका शामिल हैं।
रिपोर्ट के अनुसार भारत में जिन 44 प्रतिशत लोगों ने भविष्य के लिए बचत शुरू किया, उन्होंने उसे रोक दिया है या कठिनाइयों का सामना कर रहे हैं।
(हेडलाइन के अलावा, इस खबर को एनडीटीवी टीम ने संपादित नहीं किया है, यह सिंडीकेट फीड से सीधे प्रकाशित की गई है।)