ईरान में सत्ता परिवर्तन को लेकर बड़ा विवाद खड़ा हो गया है. पूर्व सुप्रीम लीडर अली खामेनेई की मौत के बाद उनके बेटे मोजतबा खामेनेई को नया सुप्रीम लीडर चुने जाने की खबर सामने आई है. इस पर ईरानी मूल की बॉलीवुड एक्ट्रेस एलनाज नौरोजी ने तीखी प्रतिक्रिया दी है. नेटफ्लिक्स की सीरीज सेक्रेड गेम्स से पहचान बनाने वाली एलनाज ने कहा कि ईरान में नेता जनता नहीं चुनती. उन्होंने दावा किया कि पिछले 47 सालों से लोगों की आवाज दबाई जा रही है और आम नागरिकों को वोट का अधिकार सही मायनों में नहीं मिला.
परिवार से संपर्क टूटा, देश में ब्लैकआउट
एलनाज ने बताया कि मौजूदा हालात में उनका अपने परिवार से संपर्क नहीं हो पा रहा है. ईरान में फिर से ब्लैकआउट की स्थिति है. उन्होंने कहा कि लोगों को घरों में रहने की सलाह दी गई है ताकि वे सुरक्षित रहें. हाल ही में अमेरिका और इजराइल के हमलों के बाद हालात और तनावपूर्ण हो गए हैं. एलनाज के मुताबिक, ईरान में अस्थिरता कोई नई बात नहीं है. उन्होंने कहा कि विरोध प्रदर्शन के समय लोग ज्यादा असुरक्षित महसूस करते हैं, क्योंकि तब सरकार सख्त कार्रवाई करती है.
‘जनता को नहीं मिला नेता चुनने का हक'
नए सुप्रीम लीडर के मुद्दे पर एलनाज ने साफ कहा कि यह फैसला भी जनता की पसंद से नहीं हुआ. उनका कहना है कि 47 सालों से यही स्थिति बनी हुई है. उन्होंने 2009 के बड़े विरोध प्रदर्शन का जिक्र करते हुए कहा कि लाखों लोग सड़कों पर उतरे थे और ‘हमारा वोट कहां है' के नारे लगाए थे. एलनाज का आरोप है कि कई लोगों की जान गई, लेकिन व्यवस्था नहीं बदली. उनका कहना है कि ईरान के लोग सिर्फ इतना चाहते हैं कि उन्हें अपने नेता को चुनने का अधिकार मिले.
‘मजबूत रहो, बेहतर दिनों की उम्मीद करो'
एलनाज ने दुनिया भर में रह रहे ईरानियों के लिए भावुक संदेश भी दिया. उन्होंने कहा कि लाखों ईरानी देश छोड़कर अमेरिका, यूरोप और ऑस्ट्रेलिया में रह रहे हैं क्योंकि उन्हें अपने देश में सुरक्षित और सम्मानजनक जीवन नहीं मिला. उन्होंने लोगों से अपील की कि वे मजबूत रहें और बेहतर दिनों की उम्मीद करें. एलनाज ने कहा कि 90 मिलियन लोगों को देश छोड़ने के लिए मजबूर नहीं किया जा सकता, इसलिए बदलाव देश के भीतर ही आना चाहिए.
ईरान में हुआ एलनाज का जन्म
ईरान में जन्मी एलनाज बचपन में ही अपने परिवार के साथ विदेश चली गई थीं. वह महज 8 साल की थीं जब उनका परिवार जर्मनी शिफ्ट हो गया. करीब 20 साल की उम्र में उन्होंने भारत का रुख किया और यहां फिल्म इंडस्ट्री में अपनी पहचान बनाई, एलनाज ने खुलासा किया कि वह पिछले दस साल से ज्यादा समय से ईरान नहीं गई हैं और अब उनके लिए वहां जाना संभव भी नहीं है. उन्होंने कहा, “मैं ईरान वापस नहीं जा सकती. अगर मैं वहां गई तो मुझे अपनी जान का खतरा महसूस होता है. वो लोग मुझे मार देंगे".
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उन्होंने 2022 में हुए विरोध प्रदर्शनों का जिक्र करते हुए कहा कि Mahsa Amini की मौत के बाद हालात और भी गंभीर हो गए थे. उसी घटना के चलते वह अपने देश नहीं लौट सकीं. एलनाज ने साफ किया कि वह लंबे समय से ईरानी शासन की नीतियों का विरोध करती रही हैं. उनके मुताबिक, उनका मकसद सरकार की नीतियों पर असहमति जताना है, न कि देश या वहां की संस्कृति के खिलाफ कोई नफरत फैलाना.
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